भारत में जल्द ही कोरोना वैक्सीन लॉन्च होने की संभावना है। सर्वदलीय बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बताया था कि कुछ ही हफ्तों में देश को कोरोना वैक्सीन मिल जाएगी और संकेत दिया गया था कि यह वैक्सीन पहले बुजुर्गों और कोरोना योद्धाओं की दी जाएगी। देश में इमरजेंसी अप्रूवल की इजाजत मांगने वाली तीनों वैक्सीन को लेकर एक्सपर्ट ग्रुप की आज दोपहर में बैठक होगी। इसमें इनके आवेदनों की समीक्षा की जाएगी।
इन तीन वैक्सीनों की तैयारी
आपात मंजूरी मांगने वाली ये तीन वैक्सीन अमेरिकन कंपनी फाइजर, भारत बायोटेक और सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया की हैं। बता दें कि इन तीनों फार्मा कंपनियों ने कुछ दिनों पहले केंद्रीय दवा नियामक से अपनी वैक्सीन के इमरजेंसी अप्रूवल का आवेदन किया है।
CDSCO करेगा इन तीनों के आवेदन की समीक्षा
आज केंद्रीय ड्रग स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गेनाइजेशन (सीडीएससीओ) फाइजर, भारत बायोटेक और सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के आवेदन की समीक्षा करेगा। इन तीनों फार्मा कंपनियों ने अपनी कोविड-19 वैक्सीन के आपातकाल इस्तेमाल (इमरजेंसी अप्रूवल) के लिए मंजूरी मांगी है।
फाइजर इंडिया ने चार दिसंबर को केंद्रीय दवा नियामक से वैक्सीन के लिए मंजूरी मांगी थी। इससे पहले इस कंपनी को यूके और बहरीन से इमरजेंसी अप्रूवल के लिए मंजूरी मिल गई थी। वहीं छह दिसंबर को पुणे स्थित सीरम इंस्टीट्यूट ने ऑक्सफोर्ड और एस्ट्राजेनेका की वैक्सीन के लिए मंजूरी मांगी थी। इसी के साथ भारत बायोटेक ने सात दिसंबर को इमरजेंसी अप्रूवल के लिए आवेदन किया था।
वैक्सीन ट्रैकर
- जॉनसन एंड जॉनसन कंपनी की वैक्सीन की एक डोज के परीक्षण का परिणाम अगले महीने तक सामने आ जाएगा।
- कोविड-19 के प्रकोप को लेकर डाटा की पारदर्शिता चिंता विषय है।
- महाराष्ट्र सरकार ने वैक्सीन के लिए योजना बनाई है - राजेश टोपे
- कोरोना वैक्सीन को लेकर भारत आईपी नियमों में ढिलाई के लिए स्विट्जरलैंड का समर्थन चाहता है।