अगस्ता वेस्टलैंड वीवीआईपी हेलीकॉप्टर घोटाले में बिचौलिये क्रिश्चियन मिशेल की याचिका पर दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट अगले महीने सुनवाई करेगा। मिशेल ने कोर्ट से बिना अनुमति लिए तिहाड़ में उससे मिलने आए सीबीआई व ईडी अधिकारियों पर जांच की मांग की है। मिशेल ने आरोप लगाया, 22 अक्तूबर को जब ब्रिटिश काउंसलर उससे मिलने तिहाड़ आए थे तब ईडी और सीबीआई के अधिकारियों ने उनके सामान की तलाशी ली।
कोर्ट ने इस संदर्भ में जेल प्रशासन से रिपोर्ट तलब की थी। मिशेल अभी तिहाड़ में बंद है। सीबीआई 3600 करोड़ रुपये के इस सौदे में बतौर बिचौलिया मिशेल की भूमिका की जांच कर रही है जबकि ईडी मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों की जांच कर रहा है।
मिशेल के वकील अल्जो के जोसेफ ने कहा, काउंसलर संबंधों को लेकर 1963 की विएना संधि के तहत एक बार अनुरोध किए जाने पर नागरिक को दूतावास अधिकारी से मिलने दिया जाना चाहिए, लेकिन मिशेल के मामले में पांच बार की अपील के बाद अक्तूबर में उन्हें मिलने दिया गया। जो विएना संधि का उल्लंघन है।
मिशेल के परिजनों ने आरोप लगाया कि ब्रिटिश काउंसलर से मुलाकात के दौरान ईडी व सीबीआई अधिकारियों ने दखल दिया और परिवार द्वारा भेजी किताबों की जांच की थी। हालांकि जांच एजेंसियों की ओर से पेश वकीलों ने कोर्ट को बताया कि जांच एजेंसी के अधिकारी विदेश मंत्रालय के निर्देश पर वहां गए थे।