भारत की तीन में से दो कंपनियों ने कोविड-19 के लिए एंटीबॉडी-आधारित रैपिड टेस्ट किट (आरटीके) का निर्माण शुरू कर दिया है। इन कंपनियों को फार्मास्यूटिकल्स और चिकित्सा उपकरणों के लिए राष्ट्रीय नियामक निकाय केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (सीडीएससीओ) ने विनिर्माण लाइसेंस जारी कर दिया है।
इस महीने की शुरुआत में भारतीय चिकित्सा अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने तीन कंपनियों द्वारा निर्मित आरटीके के नमूनों को मंजूरी दी थी। जिसमें नई दिल्ली की वैंगार्ड डायग्नोस्टिक्स, केरल में राज्य के स्वामित्व वाली एचएलएल लाइफकेयर लिमिटेड और गुजरात की वोक्सटूर बायो लिमिटेड शामिल हैं। इन कंपनियों ने विनिर्माण लाइसेंस के लिए आवेदन किया जो उन्हें मिल गया है।
जहां एचएलएल और वोक्सटूर ने आरटीके का निर्माण शुरू कर दिया है और ये कंपनियां 20 अप्रैल तक एक लाख आरटीके के पहले बैच की डिलीवरी करने वाली हैं। वहीं वैंगार्ड के तीन हफ्ते के अंदर उत्पादन शुरू करने की उम्मीद है। वर्तमान में इन किट्स की मांग बहुत ज्यादा है।