महामारी का असर रक्षा खरीद पर भी दिखने लगा है। पहले से बजट कटौती का सामना कर रही सेनाओं को नई रक्षा खरीद प्रक्रिया टालने का आदेश दिया गया है। सैन्य मामलों के विभाग ने तीनों सेनाओं को मौजूदा संकट टलने तक अपनी पूंजी अधिग्रहण प्रक्रियाओं (रक्षा सौदों) को रोकने को कहा है। अब कोरोना संकट खत्म या कम होने के बाद अलग-अलग सौदों को आगे बढ़ाया जाएगा।
राफेल समेत कई करार पर असर
सेनाएं आधुनिकीकरण के लिए विभिन्न रक्षा सौदों के अलग-अलग चरणों में हैं। वायुसेना फ्रांस से 36 राफेल लड़ाकू विमान और रूस से एस-400 एयर डिफेंस हथियार प्रणाली के लिए भुगतान करने की प्रक्रिया में है।
- थलसेना अमेरिका और रूस समेत कई देशों से टैंक, आर्टिलरी गन और असॉल्ट राइफलों की खरीद कर रही है।
- नौसेना ने भी हाल ही में अमेरिका से 24 मल्टीरोल हेलिकॉप्टर के लिए करार किया है।