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महाराष्ट्र में विधायकों सहित सभी जनप्रतिनिधियों के वेतन में 30% कटौती

Thu, 09 Apr 2020 10:48 PM IST
अनवर अंसारी अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई
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उद्धव ठाकरे (फाइल फोटो) - फोटो : ANI
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कोरोना वायरस के प्रकोप के चलते महाराष्ट्र विधानमंडल के सदस्यों और जनप्रतिनिधियों के वेतन (मानधन) में 30 फीसदी कटौती की जाएगी। बृहस्पतिवार को मंत्रालय में उपमुख्यमंत्री अजीत पवार की अध्यक्षता में हुई राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में यह फैसला लिया गया।

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राज्य मंत्रिमंडल की बैठक के बाद अजीत पवार ने कहा कि राज्य का आर्थिक परिस्थिति को देखते हुए जनप्रतिनिधियों के वेतन में कटौती का निर्णय लिया गया है। इसके तहत विधानमंडल के सभी सदस्यों और जनप्रतिनिधियों का अप्रैल 2020 से अप्रैल 2021 तक 30 फीसदी वेतन में कटौती की जाएगी। महाराष्ट्र विधानसभा में 288 और विधान परिषद के 78 सदस्य हैं। इसके अलावा महानगर पालिका, नगर पालिका, नगर पंचायत जैसी नगर निकाय और पंचायती राज संस्थाओं के लिए जनप्रतिनिधि निर्वाचित होते हैं।

अर्थव्यवस्था पुनर्जीवन के लिए गठित हुई दो समिति
कोरोना वायरस के संकट के कारण राज्य की अर्थव्यवस्था प्रभावित हुई है। इसके मद्देनजर राज्य की अर्थव्यवस्था के पुनर्जीवन के लिए मंत्रिमंडल ने दो समिति गठित करने की मंजूरी दी। पहली समिति आर्थिक परिणामों के मद्देनजर राज्य की अर्थव्यवस्था के पुनर्जीवन के लिए रिपोर्ट तैयार करेगी। इसमें अर्थशास्त्री, उद्यमी, सेवानिवृत्त अधिकारी और वित्त विभाग के वरिष्ठ अधिकारी शामिल होंगे। 
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जबकि दूसरी समिति मंत्रिमंडल के सदस्यों की है। इस समिति में उपमुख्यमंत्री अजित पवार, जलसंसाधन मंत्री जयंत पाटील, राजस्व मंत्री बालासाहब थोरात, खाद्य, नागरिक आपूर्ति व ग्राहक संरक्षण मंत्री छगन भुजबल, पीडब्लूडी मंत्री अशोक चव्हाण, नगर विकास मंत्री एकनाथ शिंदे और परिवहन मंत्री अनिल परब शामिल हैं। पिछले दिनों एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार ने मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को इस बारे में सलाह दी थी।

एक मई को नहीं होगी परेड, सादगी से मनेगा महाराष्ट्र दिवस  
कोरोना वायरस के चलते महाराष्ट्र राज्य के स्थापना दिवस एक मई को राज्य भर में सादगी से मनाया जाएगा। राज्य के जिला मुख्यालय पर होने वाले ध्वजारोहण में केवल पालकमंत्री, जिलाधिकारी और चुनिंदा गणमान्य लोग ही मौजूद रह सकेंगे। इस बार महाराष्ट्र स्थापना दिवस पर कोई समारोह अथवा परेड नहीं होगी।

आश्रय केंद्रों में बढ़ाई जाएगी भोजन क्षमता
कोरोना के चलते मजदूरों और बेघरों के लिए शुरू किए गए आश्रय केंद्रों में भोजन पकाने की क्षमता में बृद्धि की जाएगी। मंत्रिमंडल ने आश्रय केंद्रों में भोजन और शिवभोजन थाली की क्षमता अधिक बढ़ाने और लाभार्थियों को अच्छी सुविधाएं देने की मंजूरी दी। इसके अलावा मंत्रिमंडल की बैठक में मंत्रियों ने राज्य में कोरोना वायरस के बढ़ते मरीजों के मद्देनजर लॉक डाउन यानि तालाबंदी को अधिक सख्ती से लागू करने का सुझाव दिया।

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