बता दें कि इससे पहले कानून मंत्रालय के विधायी विभाग में एक संयुक्त सचिव की जांच में बुधवार को कोविड-19 की पुष्टि हुई है। इसके बाद अधिकारियों ने शास्त्री भवन के चतुर्थ तल के कुछ हिस्सों को संक्रमणमुक्त करने का आदेश दिया है।
मंत्रालय की ओर से जारी एक परिपत्र में संयुक्त सचिव के सीधे संपर्क में आए अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों को 12 जून तक खुद को पृथक-वास में रखने के लिए कहा गया है। भवन के चतुर्थ तल के 'ए' और 'डी' भाग को गुरुवार और शुक्रवार को स्वास्थ्य मंत्रालय के नियमों के अनुसार संक्रमण मुक्त किया जाएगा।
बता दें कि पॉजिटिव मिले अधिकारी अंतिम बार 29 मई को कार्यालय में उपस्थित हुए थे। शास्त्री भवन के चतुर्थ तल पर कानून मंत्रालय के अलावा कुछ और मंत्रालयों के विभाग स्थित हैं। इससे पहले मई में कानून मंत्रालय के विधि कार्य विभाग में कार्यरत एक उप सचिव की जांच में कोविड-19 की पुष्टि हुई थी।
बुधवार को देश में कोरोना मरीजों की संख्या दो लाख के पार होने के बाद रक्षा मंत्रालय में भी मामला सामने आया। पीटीआई ने आधिकारिक सूत्रों के हवाले से रक्षा सचिव में कोरोना के लक्षण दिखने और उन्हें घर में ही क्वारंटीन किए जाने की खबर दी।
जानकारी के अनुसार, बुधवार को रक्षा सचिव अजय कुमार में कोविड-19 संक्रमण के लक्षण दिखाई दिए, जिसके बाद रक्षा मंत्रालय ने उनके संपर्क में आए लोगों का पता लगाने को लेकर व्यापक अभियान चलाया। इस दौरान रायसीना हिल्स के साउथ ब्लॉक में मंत्रालय के मुख्यालय में कार्यरत कम से कम 35 अधिकारियों को घरों में ही पृथक-वास में भेज दिया गया। हालांकि, इस बारे में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया कि रक्षा सचिव में कोरोना वायरस संक्रमण की पुष्टि हुई है अथवा नहीं?
कार्यालय नहीं आए राजनाथ
रक्षा सचिव अजय कुमार में कोरोना के लक्षण दिखाई देने के बाद एहतियातन रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बुधवार को कार्यालय नहीं आए। बता दें कि रक्षा मंत्री, रक्षा सचिव, सेना प्रमुख और नौसेना प्रमुख के कार्यालय साउथ ब्लॉक के प्रथम तल पर हैं।