केरल के मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के बेटे को साल 2023 में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने नोटिस जारी किया था। जांच एजेंसी ने यह नोटिस लाइफ मिशन परियोजना से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में जारी किया था, लेकिन उनसे अब तक किसी तरह की पूछताछ नहीं की गई, जिस पर अब कांग्रेस ने माकपा और भाजपा को घेरते हुए दोनों दलों के बीच 'सांठगांठ' का आरोप लगाया है।
केसी वेणुगोपाल ने भाजपा-माकपा को घेरा
अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (एआईसीसी) के महासचिव के सी वेणुगोपाल ने दावा किया कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने विजयन के बेटे को 'गुप्त रूप से' नोटिस जारी किया था, जबकि अन्य मामले खासकर विपक्षी नेताओं से जुड़े मामलों में एजेंसी अपनी कार्रवाई का व्यापक प्रचार करती है। वेणुगोपाल ने कहा, "ऐसे मामलों में ठोस सबूत ना होने पर भी पूछताछ और गिरफ्तारी होती है। शिवसेना नेता संजय राउत और झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेता हेमंत सोरेन की गिरफ्तारियों में ऐसा ही देखा गया। नेशनल हेराल्ड मामले (जिसमें कांग्रेस नेता शामिल थे) में भी ऐसा ही हुआ।"
उन्होंने आरोप लगाया कि विजयन के बेटे नोटिस मिलने के बावजूद पूछताछ के लिए पेश नहीं हुए। वेणुगोपाल ने पूछा कि, "क्या बाद में उनसे पूछताछ की गई? क्या जांच बंद कर दी गई है या अभी जारी है? ईडी को इन सवालों के जवाब देने चाहिए।"
कांग्रेस ने माकपा की चुप्पी का उठाया सवाल
उन्होंने कहा कि माकपा भी इस मामले को गुप्त रखना चाहती थी। कांग्रस नेता ने आगे कहा कि ईडी की तरह, माकपा ने भी चुप रहना पसंद किया। वरना, वे इसे राजनीतिक हमला बताते जैसा कि वे अक्सर करते हैं। ये घटनाएं कई संदेह पैदा करती हैं।
वहीं वरिष्ठ कांग्रेस नेता रमेश चेन्निथला ने कहा कि ऐसा लग रहा है जैसे ईडी का समन 'गायब' हो गया। उन्होंने कहा, "हमने पहले कहा था कि भाजपा और माकपा के बीच अपवित्र सांठगांठ के कारण तिरुवनंतपुरम सोना तस्करी और लाइफ मिशन मामले गायब हो जाएंगे। अब यह सच हो गया है।"
इधर, सत्तारूढ़ माकपा और मुख्यमंत्री कार्यालय ने अभी तक इस आरोप का जवाब नहीं दिया है। शनिवार को मीडिया के एक हिस्से में आई खबरों में दावा किया गया कि ईडी ने लाइफ मिशन मामले में पूछताछ के लिए मुख्यमंत्री के बेटे विवेक किरण विजयन को फरवरी 2023 में तलब किया। कोच्चि में तत्कालीन ईडी सहायक निदेशक पी के आनंद द्वारा जारी समन में उन्हें 14 फरवरी, 2023 को पेश होने का निर्देश दिया गया था।
4.5 करोड़ रुपए के कमीशन का कथित मामला
आपको बता दें कि लाइफ मिशन परियोजना में 2018 केरल बाढ़ से प्रभावित परिवारों के लिए यूएई रेड क्रिसेंट द्वारा वित्त पोषित त्रिशूर के वडक्कनचेरी में अपार्टमेंट का निर्माण शामिल है। आरोप है कि इस परियोजना का जिम्मा संभालने वाली यूनिटेक बिल्डर्स ने राज्य के प्रतिनिधियों सहित बिचौलियों को 4.5 करोड़ रुपये का कमीशन दिया। मुख्यमंत्री के पूर्व प्रधान सचिव एम. शिवशंकर को इस मामले में पहले ही गिरफ्तार किया जा चुका है।