कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी को इलाहाबाद में घर जैसा एहसास होने लगा है। बीते 15 सितंबर को यहां रोड शो करने आए राहुल गांधी ने सार्वजनिक सभा में अपना यह अनुभव साझा किया। कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी इसी साल मार्च के महीने में दो बार इलाहाबाद आईं और स्वराज भवन में रात्रि विश्राम भी किया।
स्वराज भवन में गांधी परिवार का आना-जाना यूं ही नहीं बढ़ा, बल्कि कांग्रेस स्वराज भवन के रास्ते यूपी में वापसी की तैयारी कर रही है। वक्त और मौके का इंतजार है। इस साल इंदिरा गांधी का जन्मशती समारोह मनाया जाना है। पार्टी इस मौके पर प्रियंका गांधी को यूपी में प्रचार की कमान सौंप सकती है।
कांग्रेस को यूपी की सत्ता से बाहर हुए 27 साल पूरे हो चुके हैं। वह इस बार मौका नहीं गंवाना चाहती। कांग्रेस 19 नवंबर को इंदिरा की जयंती पर स्वराज भवन से बड़े चुनावी अभियान की शुरुआत करने की तैयारी में है। गत दिनों इलाहाबाद आए कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष राज बब्बर यह संकेत दे गए हैं कि इंदिरा गांधी की जयंती के मौके पर पूरा गांधी परिवार चुनावी मैदान में उतर सकता है।
उसी वक्त प्रियंका को भी कमान सौंपने की तैयारी है और इलाहाबाद से प्रियंका अपने अभियान की शुरुआत कर सकती हैं।