हिमाचल के साथ गुजरात विधानसभा का चुनाव न कराने पर कांग्रेस ने सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर निशाना साधा है। पार्टी प्रवक्ता रणदीप सिंह सुरजेवाला ने इस पर सवाल उठाया है।
उन्होंने पूछा कि क्या गुजरात विधानसभा चुनाव की घोषणा इसलिए नहीं हो रही है, क्योंकि प्रधानमंत्री 16 अक्तूबर को वहां लुभावने चुनावी वादे करने वाले हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि मोदी सरकार चुनाव आयोग पर दबाव डालकर चुनाव टालना चाहती है।
पढ़ें- जानिए क्या है VVPAT मशीन? पहली बार किसी राज्य के चुनाव में होगी इस्तेमाल
वीरभद्र के समक्ष सत्ता बचाए रखने की चुनौती
तमाम विवादों और किंतु-परंतु के बावजूद कांग्रेस नेतृत्व ने मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह के नेतृत्व में ही चुनाव मैदान में उतरने का फैसला किया है। राज्य का रिकार्ड छह बार मुख्यमंत्री रह चुके वीरभद्र के लिए जहां एक ओर सत्ता बचाए रखने की चुनौती है तो दूसरी ओर 7वीं बार मुख्यमंत्री बनने का अवसर भी।
हिमाचल में पिछले कुछ दशकों से हर बार सत्ता विरोधी लहर के कारण सत्ता में परिवर्तन का ट्रेंड रहा है। ऐसे में सत्ता बचाने के लिए वीरभद्र को सत्ता विरोधी रुझान से पार पाना होगा। वह भी तब जब वह खुद और उनके परिवार के सदस्य भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे हैं।