कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे इस समय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ अपनी एक कथित आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर विवादों के केंद्र में हैं। दरअसल एक रैली में उन्होंने पहले पीएम मोदी की तुलना आतंकवादी से कर दी। हालांकि बाद में सफाई देते हुए अपना बचाव किया है। इस पूरे घटनाक्रम ने चुनावी माहौल में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच जुबानी जंग को और भी तीखा कर दिया है।
खरगे ने प्रधानमंत्री के बारे में असल में क्या कहा था?
चेन्नई में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने अन्नाद्रमुक (AIADMK) के भाजपा के साथ गठबंधन करने पर सवाल उठाए थे। उन्होंने कहा, 'अन्नामुद्रक के ये लोग खुद अन्नादुराई की तस्वीर लगाते हैं, वे मोदी के साथ कैसे जुड़ सकते हैं? वो तो एक आतंकवादी हैं। उसकी पार्टी समानता और न्याय में विश्वास नहीं रखती। ये लोग उनके साथ जुड़ रहे हैं; इसका कोई मतलब है...' हालांकि, इस बयान के बाद खरगे ने सफाई भी दी।
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अपनी टिप्पणी पर खरगे ने क्या सफाई पेश की है?
बढ़ते विवाद को देखते हुए मल्लिकार्जुन खरगे ने तुरंत अपने बयान पर स्पष्टीकरण जारी किया। उन्होंने कहा कि मैंने यह कभी नहीं कहा कि प्रधानमंत्री एक आतंकवादी हैं। मेरे कहने का मतलब यह था कि वह लोगों और राजनीतिक दलों को डराने-धमकाने का काम करते हैं। खरगे ने स्पष्ट किया कि प्रधानमंत्री मोदी हमेशा धमकियां देते हैं और उनके आचरण से राजनीतिक गलियारों में डर पैदा होता है। उन्होंने यह भी कहा कि उनकी टिप्पणी का उद्देश्य प्रधानमंत्री की कार्यशैली पर सवाल उठाना था, न कि उन पर कोई व्यक्तिगत हमला करना।
खरगे ने एक और सफाई दी
नरेंद्र मोदी पर अपनी टिप्पणी को लेकर खरगे ने फिर एक सफाई दी। इस बार बताया कि उन्होंने पीएम के खिलाफ कुछ नहीं कहा। पीएम राजनेताओं और उम्मीदवारों को डरा-धमका रहे हैं। इसी संदर्भ में मैंने कहा था कि 'टैक्स टेररिज्म' (कर आतंकवाद) हो रहा है। ईडी, आयकर विभाग और सीबीआई लगातार छापेमारी कर रहे हैं। इस आतंकवाद को पीएम ही बढ़ावा दे रहे हैं। मैंने उन्हें आतंकवादी नहीं कहा; बल्कि वे लोगों को डराने के लिए आतंकवाद को बढ़ावा दे रहे हैं। वे छापेमारी के जरिए लोगों की आवाज दबाने और उन्हें चुनावों में हराने की कोशिश कर रहे हैं।
खरगे ने सरकारी संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप लगाया?
अपनी सफाई के दौरान खरगे ने सीधे तौर पर केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री पर सरकारी संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि ईडी, आयकर विभाग और सीबीआई जैसी महत्वपूर्ण संस्थाएं पूरी तरह से प्रधानमंत्री के हाथों में हैं और इनका इस्तेमाल विरोधियों को डराने के लिए किया जा रहा है। खरगे ने यह भी चिंता जताई कि प्रधानमंत्री परिसीमन जैसी प्रक्रियाओं को भी अपने नियंत्रण में लेना चाहते हैं।
मोदी को गाली देना कांग्रेस की साजिश- संबित पात्रा
भाजपा सांसद संबित पात्रा ने कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे के बयान पर कड़ा पलटवार करते हुए इसे कांग्रेस की एक सोची-समझी साजिश करार दिया है। पात्रा ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को आतंकवादी कहना कोई जुबान फिसलना नहीं, बल्कि राहुल गांधी के इशारे पर की गई टिप्पणी है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी हर दिन प्रधानमंत्री के खिलाफ अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल करते हैं और अब खरगे ने भी उसी रास्ते पर चलते हुए देश के प्रधानमंत्री का अपमान किया है, जो बेहद निंदनीय है।
संबित पात्रा ने कांग्रेस पर दोहरा मापदंड अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि यह वही पार्टी है जो ओसामा बिन लादेन को जी कहकर संबोधित करती है और जाकिर नाइक जैसे लोगों को शांति का दूत बताती है। उन्होंने चेतावनी दी कि जब भी कांग्रेस ने प्रधानमंत्री को गाली दी है, भारत की जनता ने सजा दी है। पात्रा ने साथ ही यह भी कहा कि इस बार भी देश की जनता कांग्रेस के इन अपमानजनक बयानों का करारा जवाब देगी और उन्हें उनकी असली जगह दिखाएगी।