कांग्रेस ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की तैयारी शुरू कर दी है। बंगाल चुनाव के लिए पर्यवेक्षक बनाए गए बीके हरिप्रसाद, आलमगीर आलम और विजय इंदर सिंगला रविवार से राज्य का दौरा करेंगे। साथ ही राज्य प्रभारी जितिन प्रसाद कार्यकर्ताओं के साथ बैठकें कर जमीनी हकीकत का पता लगाएंगे। इसके बाद पार्टी सीटों पर अंतिम दावा करेगी।
सूत्रों के मुताबिक, कांग्रेस ने राज्य को पांच जोन में बांटकर चुनाव लड़ने की रणनीति बनाई है। पार्टी हर जोन में कार्यकर्ता सम्मेलन कर फीडबैक लेगी और प्रत्याशियों का चयन करेगी। पार्टी का मुख्य फोकस उन क्षेत्रों पर है, जहां पिछले विधानसभा चुनावों में उसे जीत मिली थी।
बीते लोकसभा चुनाव में पार्टी ने बहरामपुर और मालदा दक्षिण पर जीत दर्ज की थी। ऐसे में पार्टी इन लोकसभा सीटों के तहत आने वाली विधानसभाओं पर अपने उम्मीदवार उतारना चाहती है।
वहीं, करीब एक दर्जन सीटों पर प्रत्याशी उतारने से इनकार कर दिया है। ऐसा इसलिए क्योंकि बीते चुनाव में उसे इन सीटों पर करारी हार झेलनी पड़ी थी और बदली परिस्थिति में टीएमसी व भाजपा में सीधी टक्कर है।
सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस ने भले ही वामदलों से करीब 130 सीटों पर लड़ने का प्रस्ताव दिया है लेकिन पार्टी सीट बढ़ाने की अपेक्षा इस बात पर जोर देगी जहां कांग्रेस का जनाधार हो और उम्मीदवार लड़ाई में दिखे।