कांग्रेस में चल रही उठापटक के बीच मल्लिकार्जुन खड़गे ने नेताओं के रवैये पर नाराजगी जताई है। खड़गे ने कहा कि कुछ नेताओं ने चुनाव हारने के बाद सोनिया और राहुल गांधी को दोषी ठहराया है। उन्होंने कहा कि आप अपने राज्य और निर्वाचन क्षेत्र में नेता हैं और 90 फीसदी मामलों में टिकट आपकी सिफारिश के अनुसार दिए जाते हैं। मगर बाद में आप कहते हैं कि टिकट वितरण में कोई एकता और दोष नहीं था।
हमारे सामने बीजेपी-आरएसएस की चुनौती
पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के जन्मदिन के मौके पर खड़गे ने कहा, 'मैं कुछ वरिष्ठ नेताओं के बयानों की वजह से आहत हूं। एक तरफ हमारे सामने बीजेपी-आरएसएस की चुनौती है और दूसरी तरफ हमारी पार्टी की आंतरिक कलह। जब तक हमें हमारे ही लोग कमजोर करते रहेंगे तबतक हम आगे नहीं बढ़ सकते हैं। यदि हमारी विचारधारा कमजोर होती है तो हम खत्म हो जाएंगे।'
हम अब हारे हुए और बीमार दोनों हैं
खड़गे ने कहा, 'एक पुरानी कहावत है कि हार और परिवार में बीमारी होने पर अपने सच्चे दोस्तों की पहचान होती है। लेकिन हम अब हारे हुए और बीमार दोनों हैं। ऐसे में हम जानना चाहेंगे कि हमारे साथ कौन हैं और कौन नहीं।'