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Dharmasthala: धर्मस्थल में दुष्कर्म और शवों को दफनाने का आरोप लगाने वाला शिकायतकर्ता गिरफ्तार; SIT की कार्रवाई

Sat, 23 Aug 2025 10:19 AM IST
अभिषेक दीक्षित न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बंगलूरू

सार

अधिकारियों ने बताया कि बयानों और उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों में विसंगतियां पाए जाने के बाद गिरफ्तारी की गई। एसआईटी मामले की जांच जारी रखे हुए है। शिकायतकर्ता-गवाह एक पूर्व सफई कर्मचारी है।
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सांकेतिक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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अधिकारियों ने बताया कि पिछले दो दशकों में धर्मस्थल में कई हत्याओं, दुष्कर्मों और शवों को दफनाने का आरोप लगाने वाले शिकायतकर्ता को शनिवार को मामले की जांच कर रही एसआईटी ने गिरफ्तार कर लिया। शिकायतकर्ता अब तक जांच पैनल के सामने नकाब पहनकर पेश हुआ था। हालांकि, अब उसकी पहचान सीएन चिन्नैया के रूप में हुई है।

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10 दिनों की हिरासत
शिकायतकर्ता को प्रथम श्रेणी न्यायिक मजिस्ट्रेट विजयेंद्र के समक्ष पेश किया गया और एसआईटी ने आगे की जांच के लिए 10 दिनों की हिरासत की मांग की। अदालत ने अनुरोध स्वीकार कर लिया। प्रणब मोहंती के नेतृत्व वाली एसआईटी ने शुक्रवार देर रात तक चिन्नैया से पूछताछ की। अधिकारियों ने बताया कि उनके बयानों और दस्तावेजों में विसंगतियां पाए जाने के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया। लंबी पूछताछ के बाद उन्हें बाद में मेडिकल जांच के लिए ले जाया गया।

'मैं न्याय और धर्म के पक्ष में हूं'
धर्मस्थल शिकायतकर्ता की गिरफ्तारी पर कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कहा, '... मुझे शुरू से ही भरोसा था। धर्मगुरुओं ने भी जांच का स्वागत किया। जिन्होंने गलत किया, उनके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। मैं किसी के पक्ष में नहीं हूं। मैं न्याय और धर्म के पक्ष में हूं। धर्म में राजनीति नहीं होनी चाहिए। शिवकुमार ने कहा, 'हम न तो धर्मस्थल के पक्ष में हैं और न ही उनके खिलाफ। धर्मस्थल के कथित पीड़ितों के परिवार ने मुख्यमंत्री से बात की और कहा कि यह अच्छी बात है कि उन्होंने एसआईटी का गठन किया। जांच चल रही है। मुख्यमंत्री और गृह मंत्री ने सदन और कांग्रेस विधायक दल की बैठक में कहा है कि हमारी सरकार कार्रवाई करेगी, चाहे कोई भी दोषी हो।'
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दो जगहों से कंकाल बरामद हुए थे
पूर्व सफाई कर्मचारी चिन्नैया ने दावा किया कि उन्होंने 1995 से 2014 के बीच धर्मस्थल में काम किया था, जिस दौरान उन्हें कथित तौर पर महिलाओं और नाबालिगों सहित कई शवों को दफनाने के लिए मजबूर किया गया था। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ पीड़ितों में यौन उत्पीड़न के लक्षण दिखाई दिए थे और उन्होंने मजिस्ट्रेट के सामने बयान दिया था। जांच के तहत एसआईटी शिकायतकर्ता की ओर से चिह्नित कई जगहों पर खोदाई कर रही है। दो जगहों से कंकाल बरामद हुए हैं।

कर्नाटक के गृह मंत्री ने कही थी यह बात
कर्नाटक के गृह मंत्री जी परमेश्वर ने हाल ही में विधानसभा में कहा कि अगर एसआईटी शिकायतकर्ता के आरोपों को झूठा पाती है, तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जा सकती है। उन्होंने यह भी कहा कि अभी तक केवल जमीनी स्तर पर ही तलाशी ली गई है और जांच अभी शुरू भी नहीं हुई है। उन्होंने आगे कहा कि आगे खोदाई की जरूरत पर एसआईटी ही फैसला करेगी, न कि सरकार।

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