CCI: सीसीआई ने अनुचित कारोबारी व्यवहार के आरोपों पर इंडिगो के खिलाफ जांच का आदेश दिया। दिसंबर में हजारों उड़ानें रद्द होने से एयरलाइन की सेवाएं बाजार से प्रभावित हुईं और उपभोक्ताओं की हवाई यात्रा तक पहुंच सीमित हुई थीं। पढ़ें रिपोर्ट-
भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) ने इंडिगो के खिलाफ जांच के आदेश दिए हैं। आयोग ने कहा कि इंडिगो पर अनुचित कारोबारी व्यवहार करने के आरोप हैं। देश की सबसे बड़ी एयरलाइन इंडिगो ने दिसंबर में संचालन संबंधी समस्याओं के कारण हजारों उड़ाने रद्द की थीं।
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अपने आदेश में सीसीआई ने क्या कहा?
अपने 16 पन्नों के आदेश में सीसीआई ने कहा कि हजारों उड़ानों को रद्द कर इंडिगो ने प्रभावी रूप से अपनी सेवाओं को बाजार से रोका। इससे कृत्रिम कमी पैदा हुई और मांग के समय उपभोक्ताओं की हवाई यात्रा तक पहुंच सीमित हो गई।
नियामक ने कहा, ऐसा व्यवहार किसी प्रमुख कंपनी की ओर से अपनी सेवाओं को सीमित करने के रूप में देखा जा सकता है, जैसा कि प्रतिस्पर्धा कानून की धारा 4(2)(बी)(आई) में वर्णित है। प्रतिस्पर्धा अधिनियम की धारा चार प्रमुख स्थिति के दुरुपयोग से संबंधित है।
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प्रतिस्पर्धा पर विपरीत असर डालता दिख रहा इंडिगो का व्यवहार: सीसीआई
सीसीआई ने गौर किया कि प्रारंभिक जांच में एयरलाइन का यह व्यवहार भारत में प्रतिस्पर्धा पर विपरीत असर डालता प्रतीत होता है। इसलिए, आयोग ने अपने महानिदेशक (डीजी) से विस्तृत जांच कराने का आदेश दिया।