पूर्वी लद्दाख में बॉर्डर पर गलवां घाटी में चीन के साथ झड़प में भारत के कम से कम 20 सैनिक शहीद हो गए हैं। वहीं, भारतीय सूत्रों के मुताबिक एलएसी पर झड़प में चीन के 43 सैनिकों की या तो मौत हुई या गंभीर रूप से घायल हुए हैं। शहीद होने वाले सैनिकों में तेलंगाना के कर्नल संतोष बाबू भी शामिल हैं।
कर्नल संतोष बाबू ने हिंसक झड़प से एक दिन पहले ही अपनी मां से फोन पर बात की थी। उनकी मां ने अपने इकलौते बेटे के साथ आखिरी फोन कॉल को याद करते हुए बताया कि कर्नल संतोष बाबू बॉर्डर पर चल रहे तनाव को लेकर परेशान थे। कर्नल संतोष का हैदराबाद ट्रांसफर होना था, लेकिन कोरोना वायरस लॉकडाउन की वजह से इसमें देरी हो रही थी।
रविवार की शाम को संतोष बाबू ने अपनी मां से आखिरी बार बात की थी। इस आखिरी कॉल में उन्होंने सीमा तनाव पर चिंता जताई थी, साथ ही कहा था कि वह इस बारे में उनसे बात नहीं कर सकते क्योंकि यह संवेदनशील मामला है। उनके पिता ने बताया कि मैंने उसे (संतोष बाबू) ध्यान रखने को कहा था।