केरल के एरनाकुलम जिले के किझक्कंबलम इलाके में देश के उत्तर-पूर्व के प्रवासी मजदूरों की ओर से शनिवार की रात को मनाया जा रहा क्रिसमस समारोह हिंसक हो गया। पुलिस ने बताया कि कई पुलिस कर्मियों को गंभीर चोट आई हैं। इस दौरान पुलिस के दो वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हुए हैं। प्रवासी मजदूरों ने एक जीप को आग के हवाले भी कर दिया।
पुलिस ने बताया कि 25 दिसंबर की रात हुई इस घटना के संबंध में दो मामले दर्ज किए गए हैं। इस हिंसा में शामिल रहे सभी लोगों की पहचान करने और सबूत जुटाने की प्रक्रिया चल रही है। पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) के कार्तिक ने बताया कि हिंसा के दौरान सर्किल ऑफिसर समेत आठ पुलिस कर्मी घायल हुए हैं। इनमें से कुछ की सर्जरी तक करानी पड़ी है।
करीब 150 कामगारों को हिरासत में लिया गया
इस घटना के बाद रविवार को पुलिस ने काइटेक्स कंपनी में काम करने वाले करीब 150 कामगारों को हिरासत में ले लिया। ये कामगार कंपनी की ओर से बनाए गए आवास में रहते थे। इस हिंसा के कुछ वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हुए जिनमें बड़ी संख्या में लोगों को पुलिस वाहनों को घेरे हुए, उन पर चढ़ते हिए, पथराव करते हुए नजर आ रहे हैं।
दो गुटों के बीच विवाद सुलझाने पहुंची थी पुलिस
वहीं, काइटेक्स के प्रबंध निदेशक साबू जैकब ने कहा कि शनिवार रात को कामगारों के दो गुटों के बीच विवाद हो गया था। इसे सुलझाने के लिए गए पुलिस अधिकारियों के साथ उन्होंने मारपीट की। पहले कंपनी के सुरक्षा कर्मियों और निरीक्षकों ने मामले को सुलझाने की कोशिश की लेकिन उनके साथ भी मारपीट की गई जिसके बाद पुलिस को बुलाया गया।
जैसे ही पुलिस आई, मजदूरों ने हमला कर दिया
उन्होंने आगे कहा कि जैसे ही पुलिस आई, अनियंत्रित कामगारों ने पुलिस कर्मियों पर ही हमला कर दिया। पुलिस कर्मियों को अपनी जान बचाने के लिए अपने वाहनों के पीछे छिपना पड़ा। जैकब ने कहा कि कुछ कामगार मादक पदार्थ ले कर आए थे और शायद कुछ कर्मचारी नशे में थे, जिसके चलते यह घटना हुई। उन्होंने कहा कि कंपनी जांच में सहयोग करेगी।