फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चेन्नई जल संकट: डीएमके का राज्यभर में विरोध प्रदर्शन, राहत कार्यों के साथ ही सरकार ने कराया यज्ञ

Sat, 22 Jun 2019 05:52 PM IST
अमर शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चेन्नई
विज्ञापन
चेन्नई में एआईएडीएमके ने बारिश के लिए यज्ञ कर प्रार्थना की - फोटो : ANI
विज्ञापन

तमिलनाडु में छाए गंभीर जल संकट के खिलाफ मुख्य विपक्षी पार्टी, द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (डीएमके) ने राज्य भर में शनिवार को विरोध प्रदर्शन किया। पार्टी के कार्यकर्ताओं ने डिंडीगुल, सलेम, इरोड, तिरुप्पुर, थुथुकुडी और रामनाथपुरमंतो में विरोध प्रदर्शन किया और सरकार से इस मुद्दे को हल करने के लिए कार्रवाई करने का आग्रह किया। सरकार द्वारा किए जा रहे राहत कार्यों के बीच अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (एआईएडीएमके) नेता ने चेन्नई में बारिश के लिए यज्ञ कराया। 

विज्ञापन


समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक डीएमके ने दावा किया कि एआईएडीएमके सरकार की "लापरवाही" और "प्रशासनिक नाकामी" के कारण यह मुद्दा संकट के बिंदु तक पहुंच गया। सबसे ज्यादा प्रभावित चेन्नई शहर हुआ है। शहर के आसपास मौजूद चार जलाशयों से पीने के पानी की आपूर्ति होती थी लेकिन यह सभी सूख गए हैं। 

आलम यह है कि चेन्नई शहर में पानी के लिए त्राहि-त्राहि मची हुई है। इन सबके बीच सत्ताधारी दल एआईएडीएमके के नेता वर्षा के लिए भगवान का आशीर्वाद पाने के लिए मंदिरों में यज्ञ कर रहे हैं। पुरासवलकम स्थित अरुलमिगु गंगदीश्वरार मंदिर में एआईएडीएमके ने यज्ञ कर चेन्नै में बारिश के लिए प्रार्थना की। 
विज्ञापन


एआईएडीएमके नेता और राज्य मंत्री डी जयकुमार ने कहा, "सूखे जैसी हालात बने हुए हैं। इसलिए हम सर्वशक्तिमान ईश्वर की शरण में गए और वर्षा के लिए विशेष पूजा अर्चना की।" 




राहत के लिए सरकार ने उठाए यह कदम

मुख्यमंत्री के पलानीस्वामी ने शुक्रवार को स्थिति का जायजा लेने के लिए एक आपात बैठक की। प्रेस को संबोधित करते हुए, पलानीस्वामी ने कहा कि सरकार वेल्लोर के जोलारपेट से एक विशेष ट्रेन चलेगी जो करीब एक करोड़ लीटर पानी चेन्नई पहुंचाएगी। 

मुख्यमंत्री पलानीसामी ने बताया कि अगले छह महीनों के लिए, सरकार रेल वैगन का उपयोग जोलरपेट्टई से 10 एमएलडी (प्रति दिन लाखों लीटर) पानी लाने के लिए करेगी। इसके लिए राज्य सरकार ने 65 करोड़ रुपये आवंटित कर दिए हैं। वहीं चेन्नई के जलापूर्ति और सीवेज बोर्ड को जल संकट से निपटने के लिए 158.42 करोड़ रुपये दिए गए हैं। 

मुख्यमंत्री ने बताया कि इसके अलावा तमिलनाडु जलापूर्ति बोर्ड समेत अन्य एजेंसियों ने 108.32 करोड़ रुपये की मदद चेन्नई जल संकट से निपटने के लिए दी है। उन्होंने बताया कि पूंदी, चेम्बरंबक्कम, शोलावरम और रेड हिल्स स्थित जलाशयों के सूखने के बावजूद चेन्नई को पानी की आपूर्ति की गई है। 

उन्होंने बताया कि प्रतिदिन 52.5 करोड़ लीटर पानी चेन्नई को दिया गया। इसके अतिरिक्ति प्रति दिन 800 टैंकर्स प्रभावित क्षेत्रों के करीब 9800 फेरे लगा रहे हैं। इसके अलावा कुड्डालोर जिले के वीरणम झील से भी पानी चेन्नई पहुंचाया जा रहा है। 

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें