साल 2020-21 और 2021-22 के दौरान 15वें वित्त आयोग की सिफारिशों के बाद केंद्रीय करों व शुल्कों की आय के रूप में केंद्र सरकार की ओर से बिहार सरकार को 1.41 लाख करोड़ रुपये से अधिक की राशि जारी की गई है। यह जानकारी केंद्र ने सोमवार को लोकसभा में दी।
केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री पंकज चौधरी ने संसद के निचले सदन में कहा कि केंद्र सरकार की ओर से 45 हजार करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि भी जारी की गई है। यह राशि ग्रामीण विकास, स्वास्थ्य क्षेत्र, राज्य आपदा प्रतिक्रिया फंड समेत अन्य कार्यों के लिए अनुदान के तहत दी गई है।
चौधरी ने प्रश्न काल के दौरान लोकसभा में कहा, 15वें वित्त आयोग की सिफारिशों के आदार पर केंद्रीय कर एवं शुल्कों से हुई से 59,861.41 करोड़ रुपये की राशि साल 2020-21 के दौरान और 81,789.32 करोड़ की राशि साल 2021-22 के दौरान बिहार के लिए जारी की जा चुकी है।
इसके साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि 15वें वित्त आयोग ने यह सिफारिश भी की थी कि विभिन्न प्रकार के फंड बिहार समेत अन्य राज्यों को स्थानांतरित किए जाएं। केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री ने बताया कि इस काम के लिए आयोग की ओर से योग्यता का पैमाना निर्धारित किया गया है।
आयोग ने बिहार में जिन फंड को स्थानांतरित करने की सिफारिश की गई है उनमें ग्रामीण स्थानीय निकायों के लिए 8727 करोड़ रुपये का अनुदान, शहरी स्थानीय निकायों के लिए 3175 करोड़ रुपये और राज्य आपदा प्रतिक्रिया फंड के लिए 2548 करोड़ रुपये की राशि शामिल है।