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Hakimuddin Sheikh: पूर्व सैनिक के घर घुसी भीड़ पर FIR, पुलिस ने कहा- दस्तावेज जांच में कोई गड़बड़ी नहीं मिली

Thu, 31 Jul 2025 03:24 AM IST
दीपक कुमार शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, पुणे

सार

पुणे के पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने बुधवार को कहा कि शेख परिवार के घर के बाहर नारे लगाने वाले कुछ लोगों के खिलाफ गैरकानूनी तरीके से एकत्र होने का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शेख परिवार के दस्तावेजों की जांच के बाद कोई अवैधता नहीं पाई गई।
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FIR Demo - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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कारगिल युद्ध में देश के लिए लड़ चुके एक पूर्व सैनिक हकीमुद्दीन शेख के परिवार को बांग्लादेशी बताकर निशाना बनाए जाने का गंभीर आरोप सामने आया है। पुणे के चंदननगर इलाके में आधी रात करीब 80 लोगों ने उनके परिवार के घर पर धावा बोला, भारतीय होने के सबूत मांगे और अपशब्द कहे। इस घटना ने पूर्व सैनिकों की गरिमा और नागरिक अधिकारों पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।

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पुणे के पुलिस आयुक्त अमितेश कुमार ने बुधवार को कहा कि शेख परिवार के घर के बाहर नारे लगाने वाले कुछ लोगों के खिलाफ गैरकानूनी तरीके से एकत्र होने का मामला दर्ज किया गया है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि शेख परिवार के दस्तावेजों की जांच के बाद कोई अवैधता नहीं पाई गई। हकीमुद्दीन शेख भारतीय सेना की इंजीनियर्स रेजिमेंट में हवलदार पद पर थे और कारगिल युद्ध में हिस्सा ले चुके हैं। वह 2000 में सेवानिवृत्त हुए और वर्तमान में उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में रहते हैं। उनके छोटे भाई इरशाद शेख परिवार के साथ 60 वर्षों से पुणे में रह रहे हैं।
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घर में घुसे और आधार कार्ड मांगने लगे
घटना गत शनिवार रात की बताई जा रही है। पीड़ित परिवार के मुताबिक, रात करीब 12 बजे 80 से ज्यादा लोग जोर-जोर से दरवाजा पीटने लगे। कुछ लोग घर में घुस आए और आधार कार्ड मांगने लगे। जब दस्तावेज दिखाए गए, तो उन्हें फर्जी बताया और महिलाओं-बच्चों से भी दस्तावेज की मांग की गई। उन्होंने बताया कि जब उन्होंने समझाने की कोशिश की कि उनका परिवार यहां कई पीढ़ियों से रह रहा है और उनके तीन परिजन सेना में रहे हैं, तब भी उन लोगों ने ‘बांग्लादेशी’ होने का आरोप लगाया और ‘जय श्री राम’ के नारे लगाए।

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