परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने 2018 तक रणनीतिक चाबहार बंदरगाह के चालू होने की उम्मीद जताई है। ईरान के राष्ट्रपति हसन रुहानी के शपथ ग्रहण समारोह में शिरकत करने पहुंचे गडकरी तेहरान में भारत का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं।
इससे पहले पीएम मोदी हसन रुहानी को दोबारा राष्ट्रपति चुने जाने पर बधाई दे चुके हैं। रुहानी ने दोनों देशों के बीच संबंध मजबूत हो इसके लिए भारत के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की थी।
तेहरान में गडकरी ने कहा कि भारत और ईरान के बीच विशेष ऐतिहासिक रिश्तों की जड़ें कायम है। सरकार चाबहार बंदरगाह का विकास करने के लिए सदैव तैयार है। हम आशा करते हैं कि चाबहार बंदरगार का परिचालन एक से डेढ़ साल के अंदर शुरू हो जाए। बता दें कि भारत सरकार चाबहार बंदरगाह के विकास का काम तेजी से शुरू करने की जुगत में है।
चाबहार बंदरगाह ईरान के सिस्तान ब्लूचिस्तान प्रांत में हैं जिसके जरिए पाकिस्तान जाए बिना है पश्चिमी तट से ईरान आसानी से पहुंचा जा सकता है। परिवहन मंत्री का ईरान दौरा भारत के लिए अधिक मायने रखता है और भारत यहां काम में और तेजी लाने की फिराक में है।
इसके लिए भारत ने बंदरगाह पर काम शुरू कर दिया है और कुछ उपकरण लगाने के लिए कुछ टेंडर को फाइनल टच भी मिल चुका है। इस बंदरगाह के चालू का होना भारत के लिए बहुत ही लाभदायक है। बता दें कि 600 करोड़ रुपये के उपकरणों के लिए 380 करोड़ रुपये के टेंडरों को अंतिम रूप दिया है