हाईवे पर मां-बेटी से गैंगरेप के मामले में जेल गए एक आरोपी जबर सिंह को कोर्ट से जमानत मिलने के बाद शनिवार सुबह जेल से रिहा कर दिया। उसे लेने के लिए उसके परिवार के लोग जिला कारागार के गेट पर आए थे। उसकेदो साथी रईस और शाबेज के जमानतियों का अभी तक सत्यापन नहीं हो पाया है, जिसके चलते दोनों को कोर्ट ने जमानत नहीं दी है। अब माना जा रहा है कि दोनों का सोमवार-मंगलवार में ही जमानत मिल सकेगी।
बता दें कि 29 जुलाई 2016 की रात हाईवे पर मां-बेटी के साथ गैंगरेप की वारदात हुई थी। पुलिस ने एक अगस्त 2016 को आरोपी रईस, जबर सिंह और शाबेज को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। बीते शनिवार को कोर्ट ने जमानत याचिका मंजूर करते हुए दो-दो लाख के दो-दो जमानती दाखिल करने पर जमानत दिए जाने का आदेश दिया था। शुक्रवार शाम एक आरोपी जबर सिंह के जमानतियों के प्रपत्र तस्दीक होकर कोर्ट पहुंचे। उनका अवलोकन करने के बाद कोर्ट ने रिहाई का परवाना जारी कर दिया। प
रवाना देरी से पहुंचने के चलते शुक्रवार शाम रिहाई नहीं हो सकी। जेलर कुलदीप भदौरिया ने बताया कि शुक्रवार सुबह करीब 8.30 बजे जबर सिंह की जमानत पर रिहाई कर दी। आरोपियों के अधिवक्ता मोहम्मद असलम ने बताया कि कोतवाली देहात पुलिस रईस के जमानतियों के प्रपत्रों को तस्दीक करने में लापरवाही बरत रही है। जेल से जमानत पर रिहा होने के बाद जबर सिंह ने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया। अब माना जा रहा है कि दोनों आरोपियों को सोमवार या मंगलवार में कोर्ट से जमानत मिल सकती है।