संसद के बजट सत्र की शुरुआत सोमवार से हो गई। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के अभिभाषण के साथ सत्र शुरू हुआ। सूत्रों के मुताबिक, लोकसभा की बिजनेस एडवाइजरी कमेटी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा के लिए 12 घंटे का समय तय किया है। इसके बाद मंगलवार को पेश होने वाले बजट पर चर्चा के लिए भी 12 घंटे तय किए गए हैं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब भी देंगे। पीएम मोदी सात फरवरी को लोकसभा और आठ फरवरी को राज्यसभा में धन्यवाद प्रस्ताव का जवाब दे सकते हैं। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की अध्यक्षता में हुई बिजनेस एडवाइजरी कमेटी की मीटिंग में विपक्षी पार्टियों ने साफ किया कि सरकार को पेगासस के मुद्दे पर साफ-साफ बात करने होगी। विपक्ष ने यह भी बताया कि कई विपक्षी नेता सूचना और प्रौद्योगिकी मंत्री अश्विनी वैष्णव के खिलाफ विशेषाधिकार प्रस्ताव लाने का फैसला किया है।
सूत्रों के मुताबिक, संसदीय कार्य मंत्री प्रल्हाद जोशी ने बताया कि आज की सर्वदलीय बैठक में 25 दलों ने भाग लिया। सरकार की ओर से रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि बजट सत्र के पहले भाग में केवल राष्ट्रपति का अभिभाषण और बजट पेश किया जाता है। सत्र के दूसरे भाग में अन्य मुद्दों को उठाया जा सकता है।
जोशी ने बताया कि हमने कहा है कि यदि पार्टियां संसद के सुचारू संचालन में सहयोग करती हैं, तो सरकार सभी मुद्दों पर चर्चा करने के लिए तैयार है। हमें उम्मीद है कि यह सत्र सुचारू रूप से चलेगा। कई पार्टियों ने पेगासस का मुद्दा उठाया है। हमने यह स्पष्ट कर दिया है कि सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियुक्त समिति मामले की जांच कर रही है और बजट से संबंधित मुद्दों को उठाया जाना चाहिए।
लोकसभा अध्यक्ष ने कहा कि सभी राजनीतिक दलों के नेताओं ने सहमति जताई है कि इस अहम बजट सत्र में सभी संसद की कार्यवाही सुचारू रूपसे चलाने के लिए सहयोग करेंगे। मैंने उनसे यह भी आग्रह किया कि राष्ट्रपति के अभिभाषण और बजट पर व्यापक चर्चा की जा सकती है। हम राष्ट्र के मुद्दों को उठा सकते हैं और चर्चा हो सकती है।
वहीं, राज्यसभा के सभापति एम वेंकैया नायडू ने वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से एक सर्वदलीय बैठक की, जिसमें यह निर्णय लिया गया कि बजट सत्र के पहले भाग में कोई विधायी कार्य नहीं होगा। धन्यवाद प्रस्ताव और आम बजट एजेंडे में होगा।
राष्ट्रपति के अभिभाषण के दौरान सांसदों ने किया कोविड मानदंडों का उल्लंघन
संसद के बजट सत्र के पहले दिन दोनों सदनों की संयुक्त बैठक में सोमवार को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद के अभिभाषण के दौरान विभिन्न दलों के कई सांसद कोविड मानदंडों के नियमों का उल्लंघन करते देखे गए। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे और विभिन्न दलों के पहली दो पंक्तियों में बैठे सांसदों ने सामाजिक दूरी के नियम का पालन किया, लेकिन उनके पीछे की पंक्तियों में बैठे कई सदस्यों ने ऐसा नहीं किया। तीसरी पंक्ति में कई केंद्रीय मंत्री भी बैठे थे। केंद्रीय कक्ष की कुछ बेंच में जहां पांच लोगों के बैठने की जगह थी, वहां सात सांसद बैठे दिखे। इस दौरान कई सांसदों ने बात करते हुए मास्क उतार लिया। महामारी की तीसरी लहर के दौरान संक्रमण के मामले बढ़ने के बाद सांसदों के केंद्रीय कक्ष गैलरी के साथ-साथ लोकसभा और राज्यसभा कक्षों में बैठने की व्यवस्था की गई है।
कांग्रेस के दिवंगत नेता को अयोग्य ठहराने संबंधी याचिका खारिज
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने एक सरकारी कंपनी के साथ कथित रूप से अनुबंध करने के लिए राजीव सातव की राज्यसभा सदस्यता को अयोग्य घोषित करने के अनुरोध संबंधी याचिका को खारिज कर दिया है। याचिका के लंबित रहने के दौरान कांग्रेस सांसद का 16 मई 2021 को निधन हो गया था।