बजट में महिलाओं के लिए धान्य लक्ष्मी योजना का एलान किया गया है। इस योजना के तहत बीज से संबंधित योजनाओं में महिलाओं को खासतौर पर जोड़ा जाएगा। महिला किसानों को बीज की गुणवत्ता और उसके वैज्ञानिक तरीके से खेती करने के बारे में प्रशिक्षित किया जाएगा। ये महिलाएं विभिन्न भंडारण योजनाओं से भी लाभान्वित होंगी। इससे किसानों को भी फायदा होगा।
वित्त मंत्री ने घोषणा की कि पीपीपी मॉडल पर कोल्ड स्टोरेज और वेयर हाउस निर्मित किए जाएंगे। इस योजना को पंचायत स्तर तक लेकर जाया जाएगा, ताकि आम किसानों को भी इसका लाभ मिल सके। नेगोशिएबल वेयर हाउसिंग रिसीट पर किया जाने वाला वित्त पोषण ई-नाम के साथ एकीकृत किया जाएगा। वित्तमंत्री ने कहा कि कृत्रिम गर्भाधान कवरेज को मौजूदा 30 प्रतिशत से बढ़ाकर 70 प्रतिशत किया जाएगा। चारागाह को विकसित करने के लिए इस योजना को मनरेगा से जोड़ा जाएगा।
जैविक, प्राकृतिक और एकीकृत खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। जैसाकि जुलाई 2019 के बजट में दर्शाया गया था, जीरो बजट प्राकृतिक खेती को मजबूत किया जाएगा। सिंचाई के लिए वर्षा व जल आधारित क्षेत्रों में एकीकृत खेती प्रणाली का विस्तार होगा। इससे कम लागत में किसान अधिक उत्पादन ले सकेंगे। खाद्य सामग्री भी व्यक्ति को सेहतयाब रखने में सहायक होगी।