बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामाराव
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तेलंगाना की मुख्य विपक्षी पार्टी भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष और विधायक केटी रामाराव ने लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी को एक पत्र लिखा। साथ ही उन पर कारोबारियों और पीएम मोदी के बीच सांठगांठ के आरोप को लेकर हमला बोला। रामाराव ने कहा कि आपके (राहुल) दोहरे बर्ताव को लेकर कुछ सवाल करना चाहता हूं।
'आप हंसी का पात्र बन गए'
उन्होंने कहा, 'राहुल गांधी मैं आपसे एक बात पूछना चाहता हूं कि आप अदाणी को पीएम मोदी का क्रोनी कैपिटलिस्ट कहते हैं।दूसरी तरफ, आपके तेलंगाना के सीएम रेवंत रेड्डी ने प्रस्तावित कौशल विश्वविद्यालय के लिए 100 करोड़ रुपये के निवेश को स्वीकार किया है। तेलंगाना सरकार ने 12,400 करोड़ रुपये के विदेशी निवेश के एमओयू पर हस्ताक्षर किए हैं। मैं आपसे इस राजनीतिक तमाशे को जारी नहीं रखने का आग्रह करता हूं। आप हंसी का पात्र बन गए हैं।'
ऑटो चालकों के समर्थन में निकाला था जुलूस
हाल ही में बीआरएस ने तेलंगाना सरकार को घेरा था। बीआरएस के कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव ने विधायकों के साथ ऑटो चालकों के लिए न्याय की मांग को लेकर ऑटो रिक्शा चालकों की पोशाक पहनकर सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करते हुए जुलूस निकाला। इस दौरान कार्यकारी अध्यक्ष केटी रामा राव ने कहा कि सरकार अपना वादा निभाए और ऑटो रिक्शा चालकों के लिए कल्याण बोर्ड का गठन करे। इसके अलावा सरकार ऑटो चालकों को प्रतिमाह 12,000 रुपये का निर्वाह भत्ता दे और बीमा कराए। इसके साथ ही सरकार को चुनावी घोषणापत्र में किए गए हर वादे को पूरा करना चाहिए।
वहीं बीआरएस से एमएलसी के कविता ने मूसी नदी के आसपास घर तोड़े जाने के मुद्दे पर सरकार पर हमला बोला था। उन्होंने कहा था कि तेलंगाना सरकार ने राज्य के लोगों से झूठ बोला है। सरकार ने कहा कि मूसी नदी के विकास को लेकर कोई विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) नहीं बनाई गई है। यह मूसी नदी हैदराबाद शहर से होकर बहती है और मूसी नदी के आसपास हजारों लोग रहते हैं। सरकार ने मूसी नदी के पार लगभग 16,000 घरों को ध्वस्त करने के लिए चिह्नित किया है। हम सवाल कर रहे हैं कि सरकार बिना किसी उचित योजना के इन घरों को क्यों ध्वस्त करने जा रही है।