ग्रेस ओ-मैली कुमार मेडिकल की छात्रा और लंदन के डॉक्टर संजय कुमार और सिनैड ओ-मैली की बेटी थी। वह अपने दोस्त वेबर के साथ यूनिवर्सिटी वापस जा रही थी, तभी उनपर हमला हुआ, जिसमें उनकी मौत हो गई थी।
ब्रिटेन में एक भारतीय मूल की नाबालिग लड़की पर हमले के मामले में अपने परिवारवालों और साथियों को घटना की जानकारी साझा करने के लिए ब्रिटिश पुलिस के कई कर्मियों को कदाचार का आरोपी बनाया गया है। दरअसल, पिछले साल नॉटिंघम में मेडिकल की छात्रा ग्रेस ओ-मैली कुमार के साथ चाकूबाजी की घटना हुई थी, जिसमें लड़की की मौत हो गई थी। इस मामले में जांचकर्ता पुलिसकर्मियों ने लड़की की चोटों से जुड़ी डिटेल्स वॉट्सएप पर साझा कीं। इसी मामले को लेकर अब पुलिसक्रमियों पर आरोप तय किए गए हैं।
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रिपोर्ट के अनुसार, पिछले महीने दुराचार सुनवाई में बताया गया कि पुलिसकर्मियों ने छात्रा ग्रेस ओ-मैली कुमार, बार्नाबी वेबर और स्कूल के केयरटेकर पर चाकू से किए गए हमले के दौरान मारने के तुरंत बाद उनका विवरण साझा किया था। बताया गया है कि एक दूसरे पुलिस कॉन्स्टेबल मैथ्यू गेल ने अपनी पत्नी और दोस्त को इससे जुड़े कई संदेश भेजे थाे, जो कि ड्यूटी नियमों के खिलाफ थे।
ग्रेस लंदन के डॉक्टर संजय कुमार और सिनैड ओ-मैली की बेटी हैं। वह अपने दोस्त वेबर के साथ यूनिवर्सिटी वापस जा रही थी, तभी उनपर हमला हुआ, जिसमें उनकी मौत हो गई। 25 जनवरी को 32 वर्षीय कैलोकेन को नॉटिंघम क्राउन कोर्ट में सुनवाई के बाद मानसिक चिकित्सा केंद्र में हिरासत में भेज दिया गया था।
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इस घटना पर ग्रेस के साथ जान गंवाने वाली एमा वेबर की मां ने नाराजगी जाहिर की। उन्होंने जांच के तरीकों पर सवाल उठाए हैं। गौरतलब है कि इस मामले में कॉन्सटेबल गेल को लिखित चेतावनी दी गई है। वहीं, एक अफसर (जिसके नाम का खुलासा नहीं किया गया) को अतिरिक्त प्रशिक्षण के लिए भेजा गया है।