भाजपा ने मिशन बंगाल को सुनियोजित तरीके से आगे बढ़ाया है। भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, केन्द्रीय गृहमंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने जहां पश्चिम बंगाल में आगामी चुनाव को देखकर सक्रियता बढ़ा दी है, वहीं भाजपा ने दूसरे राज्यों के कार्यकर्ताओं को मिशन बंगाल पर भेजने की तैयारी तेज कर दी है। उत्तर प्रदेश के संगठन मंत्री सुनील बंसल के निगरानी में कार्यकर्ताओं की सूची तैयार की जा रही है।
इसी तरह से मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र, छत्तीसगढ़, झारखंड, बिहार समेत कुछ अन्य राज्यों से भी भाजपा के कार्यकर्ता पश्चिम बंगाल में पार्टी के प्रचार के लिए जाएंगे। बिहार विधानसभा चुनाव में 31 दिन अपनी सेवा देकर लौटे सूत्र का कहना है कि आमतौर पर दो महीने पहले दूसरे राज्य में चुनाव प्रचार के लिए भेजा जाता है। पश्चिम बंगाल में प्रचार के लिए लिए भी मेरा नाम भेजा गया है और जनवरी के आखिरी सप्ताह में जाना पड़ सकता है।
भाजपा दूसरे राज्यों में चुनाव प्रचार में सहयोग के लिए अपने अनुभवी कार्यकर्ताओं, नेताओं को भेजती है। इनके पास बूथ स्तर तक पार्टी के प्रचार को मजबूती देने की जानकारी होती है। इसमें घर-घर जाकर प्रचार को धार देना और चुनाव से पहले हर घर के दरवाजे पर कम से कम तीन बार पहुंचने का लक्ष्य रहता है। इस प्रक्रिया को दूसरे राज्यों से गए कार्यकर्ता स्थानीय पन्ना प्रमुखों, बूथ स्तर के कार्यकर्ताओं तथा ब्लॉक, तहसील, जिला स्तर के नेताओं के साथ तालमेल बनाकर पूरा करते हैं।
वरिष्ठ नेताओं की जनसभा और उनके अभियान को सफल बनाना भी इनके उद्देश्य में शामिल रहता है। अनाधिकारिक रूप से प्राप्त जानकारी के अनुसार पार्टी इसके लिए कद, वरिष्ठता के हिसाब से ड्राइवर, रहने की सुविधा और अन्य सहूलियतें उपलब्ध कराती है।