लोकसभा चुनाव से पहले अनुसूचित जाति तक अपनी पहुंच बनाने के लिए भाजपा 'खिचड़ी' पकाने की तैयारी में है। खिचड़ी पकाकर पार्टी का प्रयास न केवल वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने का है बल्कि एक विशेष तबके के मतदाताओं को साधने का भी प्रयास है। बताया जा रहा है कि रविवार को पार्टी भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह की रैली में 3000 किलो खिचड़ी बनाएगी। यह खिचड़ी अनुसूचित जाति के मतदाताओं के घरों से जुटाए गए चावल और दाल से बनेगी। पार्टी ने इसके लिए विशेष तैयारी की है।
'समरसता' की खिचड़ी पकेगी
पार्टी ने खिचड़ी को समरसता खिचड़ी का नाम दिया है। भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के एक सदस्य ने बताया कि लगभग दो लाख अनुसूचित जाति के परिवारों से खिचड़ी की सामग्री जुटाई गई है। भाजपा अनुसूचित मोर्चा अध्यक्ष मोहनलाल गिराहा ने बताया कि रामलीला मैदान में होने वाली भीम महासंगम की समरसता खिचड़ी के लिए हम गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड के भी संपर्क में है। गिराहा ने बताया कि पहले खिचड़ी बनाने का रिकॉर्ड बना चुके मोहन और उनकी टीम को समरसता खिचड़ी पकाने के लिए बुलाया गया है।
दो लाख लोगों ने दी सामग्री
खिचड़ी बनाने के लिए विशेष बर्तनों का इंतजाम किया गया है। 3000 किलो खिचड़ी पकाने के लिए 20 फीट व्यास और 6 फिट गहरा बर्तन मंगाया गया है। सूत्रों के अनुसार इस रैली में 50 हजार लोगों के शामिल होने का अनुमान है। इससे पहले पार्टी के नागपुर के शेफ विष्णु मनोहर ने पिछले साल अक्टूबर में खिचड़ी बनाने का विशाल आयोजन किया था। केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी भी मौजूद रहे थे।
खिचड़ी के साथ संकल्प पत्र भी जारी किया गया है, जिसके माध्यम से भाजपा कार्यकर्ता लगभग 14 लाख लोगों से संपर्क कर रहे हैं। यह पत्र रैली में उपस्थित होने वाले मुख्य अतिथि को सौंपे जाएंगे।
अनुसूचित जाति मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष मोहन लाल गिहारा ने बताया कि समरसता खिचड़ी के माध्यम से बंटे हुए अनुसूचित समाज को एक किया जाएगा। समाज में समरसता का भाव और एकता लाने का यह प्रयास है। उन्होंने यह भी बताया कि अनुसूचित जाति वर्ग कहीं ना कहीं अपने आप को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। हम भीम महासंगम विजय संकल्प 2019 के माध्यम से यह संदेश समाज को देना चाहते हैं कि भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र भाई मोदी दिल से अनुसूचित समाज का भला चाहते हैं।