देश में पीएम नरेंद्र मोदी का मैजिक बरकरार है। भाजपा ने गुजरात और हिमाचल प्रदेश पर जीत दर्ज करने के साथ देश में अपना विजय परचम और पुख्ता तरीके से लहरा दिया है। देश में मोदी मैजिक के साथ भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की विशेष रणनीति भी लगातार अपना असर दिखा रही है। गुजरात और हिमाचल प्रदेश के ताजा चुनाव परिणाम पीएम मोदी और अमित शाह की सफल जुगलबंदी को बयां कर रहे हैं। आईए जानें अब देश में कितने राज्यों में भाजपा की सरकार कायम हो गई है। आप इस स्लाइड में यह भी जानेंगे कि किन राज्यों में किस-किस पार्टी की सरकार है।
विज्ञापन
भाजपा 19 राज्यों में हुई सत्तासीन
2 of 5
भाजपा
भाजपा केंद्र में सत्तासीन होने के बाद लगातार अपना वर्चस्व बढ़ाते जा रही है। गुजरात और हिमाचल प्रदेश में सरकार बनने के बाद भाजपा की देश के 19 राज्यों में सरकार कायम जो जाएगी। भाजपा की अब जम्मू कश्मीर, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, हरियाणा, राजस्थान, यूपी, बिहार, झारखंड, मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, गुजरात, महाराष्ट्र, आंध्र प्रदेश, असम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, नागालैंड, सिक्किम और गोवा में सरकार है। इनमें से 14 राज्यों में भाजपा अकेले सत्ता पर कायम हैं। वहीं 5 राज्यों में भाजपा ने अन्य दलों के साथ मिलकर एनडीए की सरकार बनाई है।
विज्ञापन
कांग्रेस मुक्त हो रहा है देश
3 of 5
bjp, congress
कांग्रेस की देश में अभी दो बड़े राज्यों कर्नाटक और पंजाब में सरकार हैं। इसके अलावा मेघालय और मिजोरम में भी कांग्रेस की सरकार है। इस तरह देश में सिर्फ 4 राज्यों में कांग्रेस की सरकार है। देश की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस की इस हालत के लिए पीएम मोदी के करिश्माई नेतृत्व को जिम्मेदार ठहराया जा सकता है।
टीएमसी और बीजद के पास एक-एक राज्य
4 of 5
दुसरी बार बनेंगी मुख्यमंत्री
- फोटो : PTI
पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी की तृणमूल कांग्रेस की सरकार है। वहीं ओडिशा में बीजू जनता दल की सरकार कायम है। इसी तरह तमिलनाडु में एआईएडीएम की सरकार है। यह तीनों क्षेत्रीय दल हैं। लिहाजा कहा जा सकता है कि अभी देश में क्षेत्रीय दलों का अस्तित्व कायम है। दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार है।
त्रिपुरा और केरल में सीपीएम वामपंथियों का राज कायम है। केरल में भाजपा ने लगातार कोशिश की है लेकिन उसे अभी तक वहां ज्यादा सफलता हाथ नहीं मिली है। त्रिपुरा में भाजपा अपना जनाधार बढ़ाने के लिए विशेष रणनीति बना रही है। भाजपा पश्चिम बंगाल के साथ केरल और त्रिपुरा में भी नए समीकरण साधने की कोशिश कर रही है।