राफेल विमानों की खरीद को लेकर कांग्रेस और भाजपा के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर लगातार जारी है। भाजपा ने रविवार को कांग्रेस से यह बताने को कहा कि भारतीय वायुसेना की स्क्वाड्रन शक्ति में कमी आने के बावजूद कांग्रेस की सरकार ने 10 साल तक लड़ाकू विमान क्यों नहीं खरीदे?
भाजपा प्रवक्ता संबित पात्रा ने इस सवाल का खुद ही जवाब देते हुए कहा कि क्या यह इसलिए था, क्योंकि गांधी परिवार को उसका मनचाहा कमीशन नहीं मिला था?
दरअसल फ्रांस में राफेल सौदे की जांच के आदेश दिए जाने के बाद से ही कांग्रेस की तरफ से भाजपा सरकार के मौन को लेकर सवाल उठाया जा रहे हैं। रविवार को इन सवालों का जवाब देते हुए पात्रा ने कहा, जब कांग्रेस पार्टी दूसरों पर राष्ट्रीय सुरक्षा को खतरे में डालने का आरोप लगाती है, तो यह अच्छा नहीं लगता।
कांग्रेस को इसका जवाब देना चाहिए कि भारतीय वायुसेना की घटती ताकल के बावजूद क्यों 10 साल तक कांग्रेस सरकार ने बेहद जरूरी राफेल विमानों की खरीद नहीं की? उन्होंने कहा, यह हैरानी भरा है कि कांग्रेस ने फिर से ‘अपशब्दों’ के प्रयोग की राह पकड़ी है।
प्रधानमंत्री को अपशब्द कहना और उनकी शक्ल और दाढ़ी के बारे में बात करना, कांग्रेस ठीक 2019 लोकसभा चुनावों के दौरान दिखाई रणनीति दोबारा अपना रही है। पात्रा ने कहा, हमने तब इसके नतीजे देखे थे, यदि वे अब भी इस बेकार ‘टूलकिट’ के साथ प्रयोग करना चाहते हैं तो उनका स्वागत है। इस देश के लोग राहुल गांधी और कांग्रेस को उचित जवाब देंगे।
राहुल का फिर हमला, कहा- जांच के लिए मोदी सरकार तैयार क्यों नहीं
फ्रांस में भारत के साथ 59 हजार करोड़ रुपये के राफेल सौदे में कथित भ्रष्टाचार के आरोपों की न्यायिक जांच का आदेश दिए जाने के बाद से कांग्रेस लगातार केंद्र सरकार पर हमलावर है। कांग्रेस संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) जांच की मांग कर रही है।
रविवार को भी कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने इस मुद्दे को लेकर मोदी सरकार पर हमला बोला है। राहुल ने ट्विटर पर एक सर्वे की शुरुआत की और पूछा है कि जेपीसी जांच के लिए मोदी सरकार तैयार क्यों नहीं है? इसमें चार विकल्प भी दिए हैं- अपराधबोध, मित्रों को भी बचाना है, जेपीसी को राज्यसभा सीट नहीं चाहिए, ये सभी विकल्प सही हैं। खबर लिखे जाने तक करीब 75,000 लोग सर्वे में हिस्सा ले चुके थे।
जांच के लिए मोदी सरकार तैयार क्यों नहीं है?
अपराधबोध-07 फीसदी
मित्रों को भी बचाना है-24 फीसदी
जेपीसी को राज्यसभा सीट नहीं चाहिए-5.6 फीसदी
ये सभी विकल्प सही हैं-63.2 फीसदी