जी 20 शिखर सम्मेलन में आने वाले विदेशी मेहमानों को भारतीय जायकों और मिठाई का स्वाद भी चखने को मिलेगा। विदेशी मेहमानों की थाली में कम मिर्च, मसाले व घी वाले भारतीय व्यंजनों को शामिल किया जाएगा।
भारतीय जायकों के बाद उन्हें रिश्तों में मिठास घोलती भारतीय प्रसिद्ध मिठाई भी पेश की जाएगी। इसमें बंगाल का रसगुल्ला, मीठा दही, हिमाचली सिड्डू,बनारसी खीर कदम, मलाई पान, जलेबी, खीर के अलावा पान, गुलाब व रबड़ी की आइसक्रीम भी परोसी जाएगी। दिल्ली में जी-20 शिखर सम्मेलन में शामिल होने वाले राष्ट्राध्यक्षों, विशेष अतिथियों के अलावा प्रतिनिधिमंडल समेत उनके परिवार को भारतीय व्यंजनों से भी रूबरू करवाने की योजना है। इसमें भारत के लगभग सभी प्रांतों के व्यंजनों को शामिल किया गया है।
इसके अलावा विभिन्न प्रांतों की मिठाई भी शामिल है। इसके लिए बाकायदा आईटीसी मौर्य समेत अन्य होटलों में रसोइयों को खास प्रशिक्षण भी दिया गया है। इसका मकसद विदेशी मेहमानों के खाने में मिर्च, मसाले, तेल की मात्रा कम रखना था। वहीं, मिठाई में चीनी के बजाय प्राकृतिक चीनी वाले आइटम से मिठाई में मिठास घोली गई है। इस मैन्यू के माध्यम से दुनिया को विभिन्न प्रांतों की विविधता से परिचय करवाना है। इसके अलावा विदेशी मेहमानों की पत्नियां नई दिल्ली स्थित भारतीय कृषि अनुसंधान कैंपस का दौरा भी करेंगी। यहां पर उनके लिए श्री अन्न लंच समेत अन्य व्यंजन पेश होंगे। इसमें बाजरे का बिसी बेले भात, कोफ्ता करी, बाजरे का हलवा, रागी, कुट्टु,सिंघाड़ा, ज्वार, कोदो, चौलाई आदि व्यंजन शामिल हैं।
मंडपम में शुद्ध शाकाहारी भोजन
आईटीसी मौर्या भारत मंडपम के लिए खाना तैयार करेगा। इसमें शाकाहारी व्यंजनों को प्रमुखता से शामिल किया गया है। यहां लस्सी, छाछ, आम पन्ना, नींबू पानी, जलजीरा और हर्बल पेय परोसे जाएंगे । खाने के मैन्यू में दाल बाटी चूरमा, पाव भाजी, इडली डोसा, ढोकला, थेपला, जलेबी, रसगुल्ला और मिठी दही को शामिल किया जा रहा है। इसके अलावा श्री अन्न यानी मोटे अनाज के व्यंजनों का मैन्यू विशेष रूप से रखा गया है। विदेशी मेहमानों के लिए भारत मंडपम का मैन्यू भले ही शुद्ध शाकाहारी रहेगा, लेकिन जिन होटलों में वे ठहरेंगें वहां वे अपनी पसंद का नॉनवेज खाना ऑर्डर कर सकते हैं।