वक्फ कानून के विरोध में पश्चिम बंगाल में फैली हिंसा पर जल्द नियंत्रण करने के लिए विश्व हिंदू परिषद ने राज्य सरकार को अल्टीमेटम दिया है। साथ ही धुलियान में हिंसा के चलते हिंदुओं के पलायन की तुलना उन्होंने कश्मीरी पंडितों से की है।
नए वक्फ कानून के विरोध में पश्चिम बंगाल में हो रही हिंसा पर विश्व हिंदू परिषद (विहिप) ने मंगलवार को प्रतिक्रिया दी। साथ ही पश्चिम बंगाल सरकार से मांग की कि वक्फ अधिनियम के खिलाफ हो रहे प्रदर्शनों के दौरान राज्य के कुछ हिस्सों में हिंदू समुदाय पर हो रहे हमलों को तुरंत रोका जाए। परिषद ने इन घटनाओं को लेकर गहरी चिंता जताई और पीड़ितों को मुआवजा देने की भी मांग की।
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बता दें कि सिलीगुड़ी में पत्रकारों से बात करते हुए विहिप के राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) मिलिंद परांडे ने कहा कि अगर ऐसी घटनाएं और बढ़ीं तो केंद्र सरकार को हस्तक्षेप करना पड़ेगा। साथ ही उन्होंने बंगाल के दो मंत्रियों फिरहाद हकीम और सिद्दीकुल्ला चौधरी के बयानों को भड़काऊ और असंवेदनशील करार दिया।
बंगाल में ‘कश्मीरी पंडितों’ जैसी स्थिति: परांडे
मिलिंद परांडे ने मामले में पश्चिम बंगाल सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि मुर्शिदाबाद जिले के धुलियान इलाके में हिंदू परिवार अपने घर छोड़कर मालदा में शरण लेने को मजबूर हो रहे हैं। उन्होंने इस स्थिति की तुलना जम्मू-कश्मीर से कश्मीरी पंडितों के 1990 के दशक में हुए पलायन से की। परांडे ने कहा कि धुलियान में जो कुछ हुआ है, वह बंगाल में हिंदुओं की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़ा करता है। जिहादी लुटेरों द्वारा किए जा रहे हमले से बचने के लिए हिंदू परिवारों को अपने घर छोड़ना अतीत में जम्मू-कश्मीर से कश्मीरी पंडितों के पलायन की याद दिलाता है।
पीड़ित हिंदू परिवारों के लिए मुआवजा की मांग
विहिप नेता परांडे ने आगे कहा कि सरकार को बयान देने की जगह हमलावरों पर कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए, क्योंकि ऐसे बयान हिंसा को बढ़ावा देते हैं और इनके लिए जिम्मेदार नेताओं पर कानूनी कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही उन्होंने कहा कि इस हिंसा में पीड़ित हिंदू परिवारों को सुरक्षा व मुआवजा देना चाहिए।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल ममता सरकार- परांडे
अपने बयान के अंत में परांडे ने पश्चिम बंगाल के संवेदनशील इलाकों में केंद्रीय सुरक्षा बलों की तैनाती की मांग करते हुए कहा कि राज्य सरकार कानून-व्यवस्था बनाए रखने में विफल रही है। इसके साथ ही उन्होंने बंगाली नववर्ष के मौके पर राज्य की जनता को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि हम प्रार्थना करते हैं कि राज्य में शांति और कानून का राज स्थापित हो और वक्फ आंदोलन के नाम पर हिंदुओं पर हमले बंद हों।