नोटबंदी के बाद पैदा हुई नकदी संकट को देखते हुए मध्य प्रदेश के देवास स्थिति बैंक नोट प्रेस (बीएनपी) नोट छापने में सेवानिवृत्त कर्मचारियों की मदद ले रहा है। बैंक नोट प्रेस सिक्योरिटी प्रिंटिंग एंड मिंटिंग कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (एसपीएमसीआईएल) के तहत आता है और यह नकदी की किल्लत को दूर करने के लिए चौबीसों घंटे अपनी पूरी क्षमता से काम कर रहा है।
बीएनपी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने नाम गुप्त रखने की शर्त पर बताया कि बैंक नोट प्रेस अपने अनुभवी और सेवानिवृत्त कर्मचारियों की मदद से पूरी क्षमता से काम कर रहा है। उन्होंने बताया कि नए नोटों की पहली खेप पहली दिसंबर को भोपाल भेजी गई थी।
इसके बाद से कई खेप दिल्ली, चंडीगढ़, कोलकाता, गुवाहाटी, कानपुर, बंगलूरू, इंदौर और भोपाल भेजी जा चुकी है। अधिकारी ने बताया कि बीएनपी से प्रतिदिन नए नोटों की दो से तीन खेप इंदौर एयरपोर्ट भेजी जा रही है, जिससे कि नोटों को देश के विभिन्न हिस्सों में पहुंचाया जा सके। नोटबंदी से पहले बीएनपी में 20, 50, 100 और 500 रुपये के नोट छपते थे, लेकिन नोटबंदी के बाद से यहां सिर्फ 500 रुपये के नए नोट छप रहे हैं। अधिकारी ने बताया कि बीएनपी के कर्मचारी लंच के समय में भी छपाई का काम कर रहे हैं।