मजहबे इस्लाम के बड़े धर्मगुरु और सुन्नी मसलक के ताजुश्शरीया मुफ्ती अख्तर रजा खां कादरी अजहरी मियां का शुक्रवार शाम को विसाल हो गया। अजहरी मियां को तबीयत बिगड़ने पर चार दिन पहले मिशन अस्पताल में भर्ती कराया गया था। बृहस्पतिवार की रात तबीयत जरा सुधरी तो उन्हें दरगाह आला हजरत स्थित उनके घर ले आया गया था, लेकिन शुक्रवार की शाम अचानक उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया। उनके विसाल की खबर फैलते ही देश भर में उनके अकीदतमंदों में गम की लहर दौड़ गई।
ताजुश्शरीया अजहरी मियां कई दिनों से बीमार चल रहे थे। बताया जाता है कि उन्हें सांस लेने में दिक्कत हो रही थी, इसी वजह से उन्हें चार दिन पहले अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उनके मुरीद लगातार उनका हालचाल ले रहे थे। इसी बीच शुक्रवार को अचानक उनके इंतकाल की खबर आई तो पूरा शहर सन्न रह गया। दरगाह और आसपास के तमाम इलाकों में फौरन ही बाजार बंद कर दिया गया।
कुछ ही देर बाद मस्जिदों से अजहरी मियां के इंतकाल का एलान करना शुरू हुआ तो गम में डूबे हजारों लोगों की भीड़ दरगाह की ओर बढ़ चली। देर रात तक दरगाह पर हजारों लोग अजहरी मियां के घर के बाहर इकट्ठे थे। इसके साथ ताजुश्शरीया के विसाल की खबर फोन, व्हाट्सअप और सोशल मीडिया पर भी दौड़ती रही।