केंद्रीय सूचना और प्रसारण मंत्रालय ने अपने अंतर्गत आने वाले विभिन्न विभागों के अधिकारियों को बिना सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के मीडिया से बातचीत करने से बचने को कहा है। इस संबंध में मंत्रालय की तरफ से एक सर्कुलर जारी किया गया है।
सर्कुलर में उल्लेख किया गया है कि प्रेस, इलेक्ट्रोनिक और डिजिटल मीडिया को आधिकारिक सूचनाएं पीआईबी के जरिये ही मिलनी चाहिए। पिछले महीने जारी एक सर्कुलर के बारे में मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा, ‘मंत्रालय के नोटिस में यह आया है कि मंत्रालय/मीडिया यूनिट के कुछ अधिकारी बिना सक्षम प्राधिकारी की अनुमति के मीडिया से बातचीत करते हैं।’
यह पीआईबी की नियमावली को भी भेजा गया है जो सरकार की तरफ से मीडिया से बातचीत के लिए दिशानिर्देश देता है।
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इसमें कहा गया है कि सिर्फ मंत्री, सचिव और अन्य विशेष अनुमति वाले अधिकारी ही मीडिया के प्रतिनिधियों को सूचना देंगे या उनसे संपर्क करेंगे। जो सर्कुलर मंत्रालय के सभी मीडिया इकाइयों और स्वायत्त संगठनों को भेजा गया है, में उल्लेख किया गया है कि प्रेस, इलेक्ट्रोनिक और डिजिटल मीडिया को आधिकारिक सूचनाएं पीआईबी के जरिये ही मिलनी चाहिए।
सरकार के अधिकारियों की तरफ से इसे रुटीन की कवायद बताई गई है। उनका कहना है कि ऐसे पत्र या सर्कुलर समय-समय पर जारी किए जाते रहते हैं।