उन्होंने कहा कि उद्योग को तत्काल सरकारी हस्तक्षेप की जरूरत है। ई-वाहनों के लिए एक स्थिर नीति की आवश्यकता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि ई-वाहनों को पेश करने के लक्ष्य में और कोई भी बदलाव करने से देश के आयात बिल में वृद्धि होगी और मौजूदा कलपुर्जा उद्योग को भारी नुकसान होगा। इससे नौकरियों को भी काफी नुकसान होगा।
जुलाई-दिसंबर में नौकरी परिदृश्य सकारात्मक
इस साल अगले छह महीने (जुलाई-दिसंबर) के दौरान कंपनियां नए कर्मचारियों की भर्ती को लेकर उत्साहित हैं। इनमें ज्यादातर नियुक्तियां तीन से पांच साल के अनुभव वाले लोगों की होगी। सूचना प्रौद्योगिकी, बैंकिंग, वित्तीय सेवाएं, बीमा तथा बीपीओ क्षेत्र में सबसे ज्यादा नौकरियां पैदा होंगी।
बुधवार को जारी नौकरी डॉट कॉम के छमाही सर्वे के मुताबिक, 78 फीसदी ने उम्मीद जताई है कि जुलाई-दिसंबर के दौरान नियुक्ति गतिविधियों का परिदृश्य बेहतर होगा। सर्वे में रोजगार सृजन को लेकर सकारात्मक संकेत मिलता है, लेकिन नियोक्ताओं को बेहतर प्रतिभा पाने को लेकर अब भी कुछ चिंताएं हैं।
41 फीसदी नियोक्ता मानते हैं कि इस अवधि में प्रतिभाओं की कमी सामने आ सकती है। 16 फीसदी ने कहा कि नियुक्तियां नौकरी छोड़ने वालों के स्थान पर ही होंगी, जबकि पांच फीसदी ने कहा कि कोई नई नियुक्ति नहीं होगी।