विधानसभा चुनाव से पूर्व पंचायत चुनाव में औसत प्रदर्शन और कोरोना की दूसरी लहर से उत्पन्न स्थिति से भाजपा बेहद सतर्क हो गई है। देश के सबसे महत्वपूर्ण सूबे की वर्तमान स्थिति और भविष्य की रणनीति पर रविवार को शीर्ष स्तर पर कई दौर की बैठक हुई।
बैठकों की महत्ता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि इसमें पीएम मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा, संघ के सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबोले और राज्य के संगठन मंत्री सुनील बंसल ने हिस्सा लिया।
पंचायत चुनाव परिणाम और कोरोना से उत्पन्न स्थिति पर हुआ मंथन
सूत्रों ने बताया कि रविवार को सबसे पहले बंसल की होसबोले के साथ बैठक हुई। फिर बंसल नड्डा से मिले। इसके बाद होसबोले, शाह और नड्डा की पीएम से बातचीत हुई। अंत में शाह और नड्डा की पीएम के साथ बैठक हुई। बैठक देर रात तक जारी रही। बैठक में हालात से निपटने के संदर्भ में सभी तरह के विकल्पों पर एक-एक कर चर्चा होने की बात कही जा रही है।
गौरतलब है कि पंचायत चुनाव में औसत प्रदर्शन के बाद कोरोना की दूसरी लहर से बदली परिस्थितियों के कारण केंद्रीय नेतृत्व बेहद चिंतित है। चिंता का मुख्य कारण यह है कि राज्य में अगले ही साल विधानसभा चुनाव होने हैं।
सूत्रों का कहना है कि इन बैठकों में पंचायत चुनावों में औसत प्रदर्शन के अलावा कोरोना की दूसरी लहर के कारण हुई व्यापक क्षति से उपजी नाराजगी पर चर्चा हुई। गौरतलब है कि दूसरी लहर के दौरान गंगा में शवों को बहाने और गंगा तट पर बड़ी संख्या में शवों का दफनाने का मामला अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर सुर्खियां बटोरी।
बंसल ने सभी मामलों में बैठक में दिया फीडबैक
सूत्रों ने बताया कि इस बैठक में पंचायत चुनाव में निराशाजनक प्रदर्शन और कोरोना की दूसरी लहर के कारण बने वातावरण पर गंभीर चर्चा हुई। बंसल ने पंचायत चुनाव में औसत प्रदर्शन से संबंधित कारणों का फीडबैक दिया। इसके अलावा कोरोना के दूसरी लहर के कारण उत्पन्न हुई चुनौतियों से भी वरिष्ठ नेताओं को अवगत कराया।
सूत्रों ने बताया कि पंचायत चुनाव में औसत प्रदर्शन का कारण महामारी के चरम पर रहते चुनाव कराने के कारण उत्पन्न नाराजगी, वरिष्ठ नेताओं के विधानसभा चुनावों में व्यवस्त होने के कारण समुचित तैयारी नहीं होने और अतिआत्मविश्वास का शिकार होना बताया गया है। इस दौरान होसबोले ने संघ के प्रचारकों द्वारा दिए गए फीडबैक से पार्टी नेताओं को अवगत कराया।
लहर उतरते ही डैमेज कंट्रोल में जुटेगी पार्टी
सियासी रूप से सबसे अहम इस प्रदेश में पार्टी कोरोना की दूसरी लहर के न्यूनतम स्तर पर उतरते ही व्यापक डैमेज कंट्रोल अभियान छेड़ेगी। इसके तहत महामारी में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों के लिए अहम घोषणा की जाएगी। संगठन के साथ-साथ पूरी सरकार को मैदान में उतर कर लोगों से संपर्क करने का निर्देश दिया जाएगा। बताते हैं कि संगठन मंत्री और प्रदेश इकाई के साथ ही सरकार को इस संबंध में ठोस रूपरेखा तैयार करने का निर्देश पहले ही दिया जा चुका है।