असम मंत्रिमंडल ने करीब 10,000 सरकारी पदों पर भर्ती के लिए मंजूरी दी है। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने बुधवार को इसका एलान किया। साथ ही उन्होंने कहा कि मंत्रिमंडल ने कार्य संस्कृति में सुधार के लिए सशस्त्र बलों के सेवानिवृत्त अधिकारियों के लिए सरकार में शीर्ष पदों पर आरक्षण को भी मंजूरी दे दी। गुवाहाटी में कैबिनेट की बैठक के बाद उन्होंने मंत्रिमंडल द्वारा लिए गए फैसलों के बारे में जानकारी दी।
तीसरी असम वन बटालियन का होगा गठन
सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा कि भर्ती के संबंध में लिया गया ये फैसला राज्य में एक लाख सरकारी नौकरियां देने के वादे को पूरा करने के क्रम में है। उन्होंने बताया कि कैबिनेट ने आज तीसरी असम वन बटालियन को मंजूरी दे दी है। इस बटालियन में 1,100 कर्मचारी होंगे। इसके अलावा वन विभाग में 1,700 अन्य खाली पदों को भी भरा जाएगा।
इसके अलावा, शिक्षा विभाग में नियमित और संविदा सहित लगभग 6,000-7,000 नियुक्तियों को मंजूरी दे दी गई है। इनके लिए विज्ञापन 31 दिसंबर तक जारी किया जाएगा। इसके अलावा, असम लोक सेवा आयोग (एपीएससी) भी जल्द ही लगभग 700 पदों के लिए विज्ञापन देगा।
मुख्यमंत्री हिमंत ने कहा कि हम पहले ही 40,000 लोगों की भर्ती कर चुके हैं और 30,000 अन्य पदों पर प्रक्रिया जारी है। इसके लिए शेष 30,000 के लिए हम 30 जनवरी तक विज्ञापन जारी करना चाहते हैं। हम एक लाख नौकरियों के अपने वादे को निभाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
गांधी मंडप में कैबिनेट की बैठक करने पर दिया ये जवाब
गांधी मंडप में कैबिनेट की बैठक आयोजित करने पर सरमा ने कहा कि यह लोगों को बार-बार आने के लिए प्रोत्साहित करने और महात्मा गांधी के आदर्शों से प्रेरित होने के लिए है। उन्होंने कहा कि कैबिनेट ने पूर्व सैनिकों के लिए ग्रेड 1 और 2 पदों पर 2 प्रतिशत आरक्षण को मंजूरी दी है। उनकी भर्ती से सरकारी कार्यालयों में कार्य संस्कृति में सुधार करने में मदद मिलेगी।
आतंकवाद विरोधी अभियानों में मारे गए पुलिस कर्मियों के परिजनों को भी मिलेगी नौकरी
उन्होंने कहा कि 1985 से राज्य में आतंकवाद विरोधी अभियानों में मारे गए पुलिस कर्मियों के परिवारों को एक सरकारी नौकरी देने का भी निर्णय लिया गया है। इससे 400 से अधिक परिवार लाभान्वित होंगे। सरमा ने कहा कि राज्य के 162 थानों के निर्माण और नवीनीकरण के लिए 500 करोड़ रुपये से अधिक मंजूर किए गए हैं। इनमें से एक कामरूप जिले के पलाशबाड़ी में एक एकीकृत पुलिस स्टेशन के रूप में विकसित किया जाएगा जहां सभी कर्मचारियों के रहने के लिए नए भवन के शीर्ष तल पर क्वार्टर बनाए जाएंगे। इसके साथ ही कैबिनेट ने डेरगांव में असम पुलिस प्रशिक्षण अकादमी का नाम बदलकर महान अहोम जनरल लचित बोरफुकन के नाम पर रखने को भी मंजूरी दे दी है।
'अदोरोनी' योजना की जाएगी खत्म
मुख्यमंत्री सरमा ने कहा कि कैबिनेट ने 'अदोरोनी' योजना को खत्म करने का फैसला किया है। उन्होंने कहा कि ज्यादातर महिलाएं अपने परिवहन की व्यवस्था स्वयं करती हैं। इसलिए, अब से, हम सरकारी सुविधाओं पर प्रसव के लिए आने वाली नई माताओं के बैंक खातों में सीधे 700 रुपये स्थानांतरित करेंगे। इससे लगभग 5 लाख महिलाओं को लाभ होगा, जबकि केवल लगभग 1.5 लाख महिलाएं 'अदोरोनी' योजना का लाभ उठा रही थीं।
हिमंत बिस्वा सरमा ने अधिकारियों को दिया निर्देश
असम के सीएम हिमंत बिस्वा सरमा ने अस्पताल के अधिकारियों से एक लड़के के पिता का इलाज करने का निर्देश दिया है। जानकारी के मुताबिक पीड़ित लड़के के पिता आर्थिक संसाधनों की कमी के कारण अपना इलाज नहीं करवा सके थे।
असम पुलिस ने जब्त किया 1000 किलो गांजा
असम में पुलिस ने 1000 किलोग्राम गांजा जब्त किया। जिंजिया थाने के पुलिस अधिकारी सागर शाह ने इस कार्रवाई के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि बिश्वनाथ जिले में जोलेंद्र नारजारी और सुरेंद्र बोरो के रूप में पहचाने गए दो लोगों को गिरफ्तार किया गया। जब दोनों की चेकिंग की गई तो उन्होंने भागने की कोशिश की और एक नदी में कूद गए। हालांकि बाद में उन्हें पकड़ लिया गया।