असम में अब सेना से सेवानिवृत्त अधिकारी राज्य के पुलिस कर्मियों को प्रशिक्षण प्रदान कर सकेंगे। इसके लिए राज्य की कैबिनेट ने बुधवार को एक प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। राज्य सरकार ने पुलिस बटालियनों के भीतर प्रशिक्षण कार्यक्रमों (ट्रेनिंग प्रोग्राम) को मजबूत करने का फैसला किया है।
इसके तहत 34 सेवानिवृत्त सैन्य अधिकारियों को अनुबंध के आधार पर सभी बटालियनों के लिए अतरिक्त पुलिस अधीक्षक (प्रशिक्षण) के रूप में नियुक्त किया जाएगा। कैबिनेट बैठक में फैसला लिया गया कि अधिकारी मुख्य उद्देश्यों को हासिल करने के लिए डीआईजी (प्रशिक्षण) को रिपोर्ट करेंगे।
तीन परियोजनाओं को भी पूर्ण करने की दी स्वीकृति
असम कैबिनेट ने व्यापार विकास निधि (टीडीएफ) से एईजीसीएल के पास उपलब्ध 56.76 करोड़ रुपये की सात परियोजनाओं को स्वीकार करते हुए तीन परियोजनाओं को पूरा करने करने की स्वीकृति प्रदान की। इससे दक्षिण सलमारा, बारपेटा और बोंगाईगांव जिलों में बिजली की स्थिति में सुधार होगा। करीब तीस लाख उपभोक्ताओं को इसका लाभ मिलेगा।
एक दिसंबर तक स्थान, शिक्षकों की जानकारी देंगे मदरसे
असम के मदरसों से कहा गया है कि वे एक दिसंबर तक राज्य सरकार को अपने संस्थानों के बारे में जानकारी दें, जिसमें स्थान और शिक्षकों की प्रोफाइल शामिल हैं। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी दी। अधिकारी ने कहा कि एक दिसंबर की समय सीमा बुधवार को पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) भास्करज्योति महंत, माध्यमिक शिक्षा निदेशक ममता होजाई, अन्य सरकारी अधिकारियों और मदरसों के प्रतिनिधियों की बैठक में निर्धारित की गई थी। अधिकारी ने कहा कि मदरसों को उन संगठनों के माध्यम से माध्यमिक शिक्षा निदेशालय को ब्योरा देना होगा, जिनके तहत वे काम करते हैं।
शिक्षकों सहित कुल 47 लोगों को गिरफ्तार किया गया
इस साल की शुरुआत में इन संस्थानों में कार्यरत शिक्षकों को भारतीय उपमहाद्वीप (एक्यूआईएस) और अंसारुल्लाह बांग्ला टीम (एबीटी) में अल-कायदा के साथ कथित संबंधों के लिए गिरफ्तार किए जाने के बाद राज्य के कई मदरसे जांच के दायरे में आ गए थे। कट्टरपंथी संगठनों के साथ संदिग्ध संबंधों के लिए इस साल राज्य में शिक्षकों सहित कुल 47 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।