अरुणाचल प्रदेश के सुदूर विजयनगर कस्बे में पंचायत चुनाव में असम राइफल्स के पूर्व कर्मियों के मताधिकार को लेकर हुए हिंसक विरोध प्रदर्शनों हुआ। हिंसा के बाद विजयनगर कस्बे में स्थिति अब सामान्य होने लगी है। अधिकारियों ने रविवार को यह जानकारी दी।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि शुक्रवार को हुए उपद्रव व आगजनी के मामले में 24 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इलाके का दौरा करने के बाद लौटे उप महानिरीक्षक (डीआईजी) किमे कामिंग ने बताया कि संवेदनशील कस्बा जो तीन ओर से म्यांमार से घिरा हुआ है, वहां सुरक्षा कड़ी कर दी गई है। उन्होंने बताया कि शांति सुनिश्चित करने के लिए पुलिस के साथ-साथ अर्द्धसैनिक बलों को भी विजयनगर में तैनात किया गया है। उन्होंने कहा कि तोड़फोड़ किसी भी हालात में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
राज्य के चांगलांग जिले के विजयनगर में योबिन स्टुडेंट्स यूनियन के नेतृत्व में करीब 400 लोगों ने शुक्रवार को अतिरिक्त सहायक आयुक्त, राज्य पुलिस की विशेष शाखा, डाक विभाग के कार्यालयों में आग लगा दी थी तथा स्थानीय पुलिस थाने में लूटपाट की थी। भीड़ ने असैन्य हैलीपेड को भी आंशिक नुकसान पहुंचाया था।
एक अधिकारी ने बताया कि महानिरीक्षक (कानून-व्यवस्था) चुखु अपा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने रविवार दोपहर को विजयनगर से करीब सात किलोमीटर दूर होजुलु गांव में छापेमारी की और आरोपियों को गिरफ्तार किया। उन्होंने कहा कि हिंसा में कथित तौर पर शामिल पांच संदिग्ध महिलाओं की भी पहचान की गई और उनसे पूछताछ की गई।
महानिरीक्षक चुखु अपा ने को बताया कि सभी महिलाओं को पूछताछ के लिए सोमवार को विजयनगर पुलिस थाने में पेश होने को कहा गया है।
मताधिकार का कर रहे थे विरोध
प्रदर्शनकारी असम राइफल्स के पूर्व कर्मियों के पंचायत चुनाव में हिस्सा लेने के अधिकार को रद्द करने तथा उन्हें राज्य से बाहर करने समेत कई अन्य मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे।
आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि असम राइफल्स के अनेक पूर्व कर्मी 60 के दशक की शुरुआत से ही कस्बे में रह रहे हैं। ये पूर्व कर्मी मूल रूप से अन्य राज्यों से हैं, लेकिन अब स्थानीय आबादी का एक बड़ा हिस्सा हैं। चांगलांग के उपायुक्त देवांश यादव ने बताया कि शुक्रवार की घटना के संबंध में पांच प्राथमिकी दर्ज की गई हैं।