मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा 72 घंटे पहले दिए गए कर्ज माफ करने के आश्वासन के बावजूद किसानों द्वारा खुदकुशी करने का सिलसिला जारी है। लगातार सात दिनों में सात किसान अपने जान दे चुके हैं। दरअसल, आंदोलन की आग में झुलसे मध्य प्रदेश में किसानों का गुस्सा थमता नहीं दिख रहा है।
अब मध्य प्रदेश के होशंगाबाद में एक किसान ने कर्ज के बोझ की वजह से आत्महत्या कर ली है। राजधानी भोपाल से 60 किलोमीटर दूर होशंगाबाद जिले के छपलासर गांव में किसान नर्मदा प्रसाद ने कर्जदार के दबाव के चलते ये कदम उठाया है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक कर्जदार रोज किसान नर्मदा पर पैसों के लिए दबाव बनाया करता था। इतना ही नहीं वे उसका सामान भी उठा कर ले जाते थे। कर्जदारों के घर पर रोज आने से किसान इस कदर आहत हुआ कि उसने खुद को खत्म करना ही बेहतर समझा।
बता दें कि मंदसौर से उठी आग को सीएम शिवराज ने अनशन करके शांत किया था। उन्होंने वादा किया था कि वे अपने किसान भाईयों को किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करने देंगे। अब ऐसे में एक और किसान की मौत से विवाद खड़ा हो सकता है।
Madhya Pradesh: Under pressure from moneylender, a farmer named Narmada Prasad commits suicide in Chaplasar village of Hoshangabad's Babai.
— ANI (@ANI_news) June 15, 2017
इससे पहले भी होशंगाबाद के सिवनी मालवा के रहने वाले 68 वर्षीय किसान माखन लाल दिगोलिया ने भी कर्ज से परेशान होकर के पेड़ से लटक कर के खुदकुशी कर ली थी।
Madhya Pradesh: A 68-year-old farmer Makhan Lal Digolia commits suicide by hanging himself from a tree in Hoshangabad's Seoni Malwa.
— ANI (@ANI_news) June 13, 2017