पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24-परगना जिले के मंदिर बाजार इलाके में शुक्रवार देर रात भाजपा के स्थानीय नेता की धारदार हथियारों से गोद-गोदकर हत्या कर दी। पुलिस ने शनिवार को बताया कि इस मामले में राज्य की सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस पार्टी के बूथ अध्यक्षों को गिरफ्तार करने के बाद कोर्ट में पेश किया, जहां से उन्हें 8 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। ये राज्य में पिछले तीन महीने में भाजपा कार्यकर्ताओं पर चौथा हमला है।
मई माह में पुरुलिया जिले में दो भाजपा कार्यकर्ता अलग-अलग दिन फांसी से लटके मिले थे, जबकि 2 जुलाई को मुर्शिदाबाद जिले में एक भाजपा कार्यकर्ता की हत्या कर दी गई थी। यह घटना शुक्रवार रात उस समय हुई, जब मंदिर बाजार-धानुरहाट इलाके की भाजपा मंडल कमेटी के सचिव शक्तिपद सरदार (45) अपने घर लौट रहे थे। उन पर अज्ञात लोगों ने धारदार हथियारों से हमला कर दिया। हमलावर शक्तिपद को गंभीर रूप से घायल करने के बाद फरार हो गए। स्थानीय लोगों ने उन्हें उठाकर डायमंड हार्बर अस्पताल पहुंचाया।
एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि हालत बिगड़ने पर सरदार को कोलकाता के एक अस्पताल में भेजा गया, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई। मामले की जांच की जा रही है। भाजपा कार्यकर्ताओं ने हत्या के लिए तृणमूल कांग्रेस को जिम्मेदार ठहराया और हत्यारों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग लेकर मंदिर बाजार पुलिस स्टेशन के करीब 3 घंटे तक रास्ता बंद रखा।
हालांकि तृणमूल ने आरोपों को खारिज कर दिया है। लेकिन पुलिस ने आरोपों के आधार पर तृणमूल कांग्रेस के दो बूथ अध्यक्षों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी। बाद में इन्हें गिरफ़्तार दिखाकर डायमंड हार्बर अतिरिक्त कोर्ट में पेश किया गया। उधर, भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष ने आरोप लगाया कि मंदिर बाजार इलाके से हालिया पंचायत चुनावों में भाजपा जीती थी, इसी कारण शक्तिपद की हत्या की गई है।