हाल में हुए पांच राज्यों के विधानसभा चुनाव में सदन में बैठने वाला हर दूसरा विधायक करोड़पति और तीसरा विधायक दागी होगा। एसोसिएशन डेमोक्रेटिक रिफॉर्म (एडीआर) की रिपोर्ट के मुताबिक असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल में चुने गए 812 विधायकों में 294 दागी और 428 करोड़पति हैं।
शुक्रवार को आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में एडीआर के संस्थापक सदस्य प्रो. जगदीप छोकर ने कहा कि इन सभी के शपथ पत्रों की छह माह में जांच होनी चाहिए, ताकि यह पता लग सके कि उन्होंने कहीं गलत जानकारी तो नहीं दे दी। एडीआर की रिपोर्ट के मुताबिक 126 सीटों वाले राज्य असम में 72 विधायक करोड़पति हैं। इनमें 34 बीजेपी और 16 कांग्रेस के हैं। इसके अलावा 14 विधायक ऐसे हैं जिन पर गंभीर या सामान्य आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें से 7 बीजेपी, 5 कांग्रेस, एआईयूडीएफ के 1 और आईएनडी का 1 विधायक शामिल है।
केरल (140 विस सीट) में 61 विधायक करोड़पति हैं। इनमें 13 कांग्रेस और 15 माकपा के हैं। इसके अलावा 87 विधायक ऐसे हैं जिन पर गंभीर या सामान्य आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें से 9 कांग्रेस, 12 सीपीआई और 53 सीपीएम के हैं।
पुडुचेरी में विधानसभा की 30 सीटें हैं। यहां 25 विधायक करोड़पति हैं। इनमें 13 कांग्रेस और 3 एआईएडीएम के हैं। चुने गए विधायकों में 11 विधायक दागी हैं। इनमें से 5 कांग्रेस, 3 ऑल इंडिया एनआर कांग्रेस, 2 डीएमके और एक विधायक एआईएडीएमके का है।
एडीआर की रिपोर्ट के अनुसार तमिलनाडु में करोड़पतियों और दागी उम्मीदवारों का बोलबाला रहा है। यहां चुने गए विधायकों में 75 दागी हैं। इन विधायकों में एआईएडीएमके के 28, डीएमके के 42, कांग्रेस के 5 विधायक शामिल हैं। इसके अलावा इस राज्य से 170 विधायक करोड़पति हैं। इनमें से एआईएडीएमके
के 90, डीएमके के 74, कांग्रेस के 5 विधायक शामिल हैं।
पश्चिम बंगाल (294 विस सीट) में 100 करोड़पति हैं। इनमें 79 तृणमूल कांग्रेस और 16 विधायक माकपा के शामिल हैं। इसके अलावा 107 विधायक ऐसे हैं जिन पर गंभीर या सामान्य आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें से 66 विधायक तृणमूल कांग्रेस , 22 विधायक कांग्रेस, 13 विधायक माकपा और 3 विधायक बीजेपी के हैं।