फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

IFFCO: शाह बोले- खाद्यान्न उत्पादन में इफको की भूमिका सराहनीय, भारत को आत्मनिर्भर बनाने में मदद की

Sun, 06 Apr 2025 03:59 PM IST
दीपक कुमार शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गांधीनगर

सार

केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह ने रविवार को गांधीनगर में भारतीय किसान उर्वरक सहकारी लिमिटेड (इफको) की कलोल इकाई के स्वर्ण जयंती समारोह में भाग लिया। उन्होंने बीज अनुसंधान केंद्र की आधारशिला रखी। इस दौरान उन्होंने सभा को संबोधित करते हुए खाद्यान्न उत्पादन में इफको की भूमिका की सराहना की। 
विज्ञापन
केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

केंद्रीय सहकारिता मंत्री अमित शाह ने खाद्यान्न उत्पादन में इफको की भूमिका की सराहना की। उन्होंने कहा कि इफको ने भारत को आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। शाह ने बताया कि इफको ने रासायनिक उर्वरकों से नैनो और जैव उर्वरकों की ओर कदम बढ़ाया है। 

विज्ञापन


केंद्रीय गृह मंत्री शाह ने रविवार को गांधीनगर में भारतीय किसान उर्वरक सहकारी लिमिटेड (इफको) की कलोल इकाई के स्वर्ण जयंती समारोह में एक सभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने इफको के बीज अनुसंधान केंद्र की आधारशिला भी रखी। इस दौरान शाह ने कहा, 'चाहे किसानों की मदद करने की बात हो, अनुसंधान, विकास, विपणन, ब्रांडिंग और हर घर तक पहुंचने की बात हो, इसको ने ऐसी दक्षता दिखाई है कि कोई बी कॉर्पोरेट कंपनी शर्मिंदा हो जाएगी। 

अगले 50 सालों में पर्यावरण को बचाने का काम करेगा इफको
अमित शाह ने आगे कहा कि इफको के 50 साल कृषि, अनाज उत्पादन, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और किसानों की समृद्धि के लिए समर्पित रहे हैं। इसके अलावा, अगले 50 सालों में इफको मौजूदा उद्देश्यों को बकरार रखते हुए कृषि को आधुनिक और उत्पादक बनाने के साथ ही भूमि को संरक्षित करने और पर्यावरण को बचाने के लिए काम करेगा। 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: अध्यक्ष पद पर भाजपा में हलचल: राष्ट्रीय स्तर से पहले बड़े राज्यों में होंगे बदलाव; नया नेतृत्व बनाने की कवायद

इफको गठन के समय थोक उर्वरकों पर था ध्यान 
शाह ने यह भी कहा कि अगर आज भारत खाद्यान्न उत्पादन में आत्मनिर्भर है, तो इसका श्रेय इफको को जाता है। उन्होंने बताया कि जब इफको का गठन हुआ था, तब हमारा ध्यान थोक उर्वरकों पर था। लेकिन, आज हमारा ध्यान लक्षित और नियंत्रित रिलीज पर है, ताकि मिट्टी को बिना नुकसान के पोषक तत्व मिल सकें। 

इफको ने 3200 करोड़ रुपये का मुनाफा कमाया
अमित शाह ने इफको के कारोबार पर भी प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि इफको ने 90 लाख मीट्रिक टन की उत्पादन क्षमता हासिल की है। साथ ही 40,000 करोड़ रुपये का कारोबार किया है। इसके अलावा, 3,200 करोड़ रुपये का मुनाफा भी कमाया है। उन्होंने बताया कि 50 साल पहले जब इफको की शुरुआत हुई, तब यह उच्च लागत और कम दक्षता पर काम करती थी। लेकिन, आज कम लागत और उच्च दक्षता हासिल करने के लिए काम किया है। शाह ने कहा, 'पहले हम अपनी कृषि नीतियों के कारण पिछड़े हुए थे, लेकिन आज हम पर्यावरण के मामले में सबसे आगे पहुंच गए हैं।' 
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: PM Modi: 'श्रीराम का जीवन राष्ट्र निर्माण का बड़ा आधार', तमिलनाडु को 8300 करोड़ की सौगात देकर बोले पीएम मोदी

शताब्दी वर्ष में पूरी दुनिया की सहकारी समितियों में गूंजेगा इफको का नाम 
शाह ने आगे कहा कि इफको का स्वामित्व देश के हजारों किसान समूहों के पास है और यह एक निगम की तरह काम करता है। इफको ने किसानों को उर्वरकों से जोड़ा है। इसके अलावा, उर्वरकों को सहकारी समितियों से जोड़ने का काम किया है। उन्होंने कहा कि मुझे यकीन है कि जब इफको अपनी शताब्दी वर्ष मनाएगा, तो इसका नाम पूरी दुनिया की सहकारी समितियों में गूंजेगा। शाह ने कहा कि इफको के प्रबंध निदेशक यूएस अवस्थी की दूरदर्शिता और निरंतर अनुवर्ती कार्रवाई के कारण आज इफको नैनो यूरिया और नैनो डीएपी ने भारतीय सहकारी क्षेत्र की ख्याति को विश्व भर में फैलाने का काम किया है।

संबंधित वीडियो

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें