बीते सोमवार को वीके शशिकला को जेल में वीवीआईपी ट्रीटमेंट देने का आरोप लगाने वाली डीआईजी डी रूपा का ट्रांसफर कर दिया गया है। डी रूपा का ट्रांसफर ट्रैफिक डिपार्टमेंट में किया गया है। बता दें कि डीआईजी डी रूपा ने शनिवार को एआईएडीएमके अध्यक्ष शशिकला मामले में अपनी दूसरी रिपोर्ट डीजीपी आर के दत्ता को सौंपी थी।
जिसमें उन्होंने जेल में चल रहे भ्रष्टाचार का खुलासा किया था। हालांकि कर्नाटक के सीएम सिद्धारमैया ने इसे प्रशासनिक प्रक्रिया का हिस्सा बताया था। डी रूपा के ट्रांसफर करने के बाद हमने अपने पाठकों से इस विषय पर सवाल पूछा कि क्या सरकार ईमानदारी से काम करने वाले अधिकारियों के खिलाफ नकारात्मक कार्रवाई करके सरकार गलत संदेश देती है।
इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने ऑनलाइन पोल में अपने पाठकों से सवाल पूछा था 'क्या ईमानदारी से काम करने वाले अधिकारियों के खिलाफ नकारात्मक कार्रवाई करके सरकार गलत संदेश देती है'
पोल के जवाब में हमें कुल 14,782 वोट मिले। इनमें 91.97 फीसदी (13595 वोट) पाठकों ने हां में जवाब दिया, जबकि 6.36 फीसदी (940 वोट) पाठकों ने माना ईमानदारी से काम करने वाले अधिकारियों के खिलाफ नकारात्मक कार्रवाई करके सरकार ठीक संदेश देती है। वहीं 1.67 फीसदी (247 वोट) पाठकों ने इस मुद्दे पर कोई राय जाहिर करने में असमर्थता जताई।