उत्तर प्रदेश में सपा-बसपा गठबंधन पर राष्ट्रीय जनता दल ने खुशी जताई है। बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री और वर्तमान में नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव मायावती को जन्मदिन की बधाई देने लखनऊ जा रहे हैं। शनिवार की रात से वह दो दिन के लखनऊ दौरे पर रहेंगे। सपा-बसपा गठबंधन पर हर्ष जताते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा के हार की तैयारी बिहार और उत्तर प्रदेश से शुरू हो चुकी है, भाजपा इसके लिए तैयार रहे। उन्होंने कहा कि यूपी में एनडीए का सफाया तय है। इस संबंध में तेजस्वी ने ट्वीट भी किया है।
उन्होंने कहा कि यूपी में मायावती और अखिलेश का गठबंधन अटूट है, ऐसा उनके पिता लालू प्रसाद भी चाहते थे। तेजस्वी ने कहा कि यह गठबंधन नेहरू, कर्पूरी, लोहिया के विचारों का गठबंधन है और इस गठबंधन से भाजपा की हार होगी। बताया जा रहा है कि सोमवार को वह समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव से मुलाकात करेंगे और फिर 15 जनवरी की सुबह वह बसपा सुप्रीमो मायावती से मिलकर उनको जन्मदिन की बधाई देंगे।
इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने ऑनलाइन पोल में अपने पाठकों से सवाल पूछा था 'क्या बसपा और सपा के बीच हुए गठबंधन से लोकसभा चुनाव में दोनों दलों को फायदा होगा'
पोल के जवाब में हमें कुल 5311 वोट मिले। इनमें 56.26 फीसदी (2988 वोट) पाठकों ने माना कि बसपा और सपा के बीच हुए गठबंधन से लोकसभा चुनाव में दोनों दलों को फायदा होगा। जबकि 43.74 फीसदी (2323 वोट) पाठकों ने माना कि बसपा और सपा के बीच हुए गठबंधन से लोकसभा चुनाव में दोनों दलों को फायदा नहीं होगा।