बसपा सुप्रीमो के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।
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यूपी की सियासत गालियों की गर्मी से उबल रही है और हर पार्टी इसका फायदा उठाने की फिराक में है। गौरतलब है कि भारतीय जनता पार्टी के पूर्व नेता दयाशंकर सिंह के बसपा सुप्रीमो मायावती को अपशब्द कहे जाने के बाद उनके समर्थक गुस्से में आ गए। इसके अगले दिन बसपा समर्थकों ने लखनऊ में प्रदर्शन किया, जिसमें दयाशंकर के परिवार पर भद्दी टिप्पणियां की। इसके बाद दयाशंकर की पत्नी ने मामले पर पलटवार किया और बसपा समर्थकों की अपमानजनक टिप्पणियों के लिए मायावती के खिलाफ निशाना साधा।
इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने पोल कराया। पोल का प्रश्न था कि 'क्या दयाशंकर की पत्नी के आगे आने से मायवती का दलित कार्ड कमजोर होगा?' पाठकों को इस पोल में हिस्सा लेने के लिए तीन विकल्प दिए गए थे। पहला विकल्प था कि 'हां', दूसरा विकल्प था, 'नहीं' और तीसरा विकल्प था 'कह नहीं सकते'।
इस पोल में 4,671 पाठकों ने हिस्सा लिया। 3524 (75.43 प्रतिशत) पाठकों ने 'हां' का विकल्प चुनकर अपनी सहमति जताई, जबकि 1053 (22.56 प्रतिशत) ने 'नहीं' के लिए विकल्प पर वोट किया। वही, मात्र 94 (2.01 प्रतिशत) पाठकों ने 'कह नहीं सकते' विकल्प के लिए अपना वोट किया।