दक्षिण भारत के सुपरस्टार कमल हासन ने बुधवार को अपनी पार्टी लॉन्च कर दी। इस दौरान दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और तमिलनाडु में आम आदमी पार्टी के इंचॉर्ज सोमनाथ भारती भी मौजूद रहे। लॉन्च के दौरान हासन ने बताया कि 'मेरी नई पार्टी का नाम 'मक्कल नीति मय्यम' है। और मैं भाषण देने की बजाय जनता से सुझावों की मांग करूंगा। बता दे कि पार्टी की घोषणा से पहले कमल हासन पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम के रामेश्वरम स्थित घर पहुंचे थे।
उन्होंने वहां अब्दुल कलाम के भाई और भाभी से मुलाकात भी की थी। जिसके बाद हासन ने कहा, महानता हमेशा साधारण घर और परिवार से आती है और ये उनमें से एक है। मैं भावुक हो गया हूं। इसके बाद कमल हासन ने रामेश्वरम में मछुआरों के समुदाय से मुलाकात की ।
पिछले साल सितंबर में केजरीवाल और अभिनेता कमल हासन ने मुलाकात की थी। उस समय हासन ने राजनीति में आने के अपने रुझान के बारे में शुरुआती संकेत देने शुरू कर दिए थे। एक ओर जहां देश के कई नेताओं ने कमल हासन को पार्टी बनाए जाने की बधाई दी है वहीं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता वीरप्पा मोइली ने कहा कि तमिलनाडु में नई पार्टी के लिए कोई जगह नहीं है।
वहीं इससे पहले रजनीकांत के साथ मिलकर कमल हासन के पार्टी लॉन्च करने की अटकलें भी सामने आई थीं। लेकिन इस भारी उलटफेर के बीच आखिरकार कमल हासन ने बुधवार को अपना राजनीतिक कदम बढ़ा दिया है। इस सबके चलते इस विषय पर अमर उजाला डॉट.कॉम ने पोल कराया और पाठकों से सवाल पूछा कि 'क्या कमल हासन के राजनीति में आने का असर देश की राजनीति पर पड़ेगा?' सवाल के जवाब में पाठकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
कुल 2425 पाठकों ने पोल में हिस्सा लिया। 33.03 फीसदी (801 वोट) ने माना कि कमल हासन के राजनीति में आने का असर देश की पाजनीति पर पड़ेगा। जबकि 66.97 फीसदी (1624) पाठकों ने माना कि कमल हासन के राजनीति में आने का असर देश की पाजनीति पर नहीं पड़ेगा।