महाराष्ट्र के गृहमंत्री अनिल देशमुख ने पालघर में दो साधुओं और उनके ड्राइवर की मॉब लिंचिंग (भीड़ हिंसा) करने वाले आरोपियों के नाम आज जारी कर दिए। अनिल देशमुख ने कहा कि गिरफ्तार किए गए 101 लोगों में से कोई भी मुस्लिम नहीं है।
महाराष्ट्र सरकार ने घटना की उच्च-स्तरीय जांच के आदेश दिए और ड्यूटी में लापरवाही बरतने के आरोप में सोमवार को पालघर के दो पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया।
बता दें कि 16 अप्रैल की रात जब दो साधू और उनका ड्राइवर किसी परिचित के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए कार से मुंबई से गुजरात के सूरत जा रहे थे। उनके वाहन को पालघर जिले के एक गांव के पास रोक लिया गया जहां भीड़ ने बच्चा चोरी करने के संदेह में तीनों को कार से बाहर निकाला और उनकी लाठियों से पीट-पीटकर हत्या कर दी। मृतकों की पहचान महाराज कल्पवृक्षगिरि (70), सुशीलगिरि महाराज (35) और चालक निलेश तेलगड़े (30) के रूप में की गई।