सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को यूपी के विकास के मुद्दे पर खुली बहस करने की चुनौती दी है। उन्होंने कहा, मैंने अपने कार्यकाल के दौरान उत्तर प्रदेश में बिना किसी भेदभाव के विकास का काम किया है।
जबकि, प्रधानमंत्री ने सिर्फ मन की बात करने के अलावा कुछ नहीं किया। सीएम ने प्रथम चार चरणों के मतदान में समाजवादी पार्टी के पहले नंबर पर रहने का दावा भी किया। अखिलेश यादव ने कहा कि गठबंधन की कामयाबी देख प्रधानमंत्री की भाषा बदल गई है। अब वे विकास की बातें छोड़कर कब्रिस्तान, श्मशान, रमजान और दीवाली का जिक्र कर भेदभाव फैलाने की कोशिश कर रहे हैं।
धर्म और जाति के आधार पर मतदाताओं को बरगलाने में लगे हैं। अखिलेश ने कहा कि यूपी ने वर्ष 2014 के लोकसभा चुनाव में बीजेपी और उनके सहयोगी दलों को 73 एमपी दिए, पर प्रदेश के विकास में इन सांसदों ने कोई योगदान नहीं किया।
यूपी चुनाव में भाजपा हार के डर से घबराकर अनर्गल बातें कर रही है। अखिलेश यादव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को खुली बहस की चुनौती देते हुए कहा, यूपी के विकास के मुद्दे पर मैं उनके साथ बहस करने के लिए तैयार हूं।