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Airbus: भारतीय कंपनी बनाएगी एयरबस के एच130 लाइट सिंगल-इंजन हेलीकॉप्टर का फ्यूजलेज ढांचा, मेक इन इंडिया का असर

Fri, 11 Apr 2025 04:20 PM IST
जितेंद्र भारद्वाज डिजिटल ब्यूरो अमर उजाला

सार

एयरबस के एच130 लाइट सिंगल-इंजन हेलीकॉप्टर से जुड़ी अहम जानकारी सामने आई है। इस हेलीकॉप्टर के फ्यूलेज ढांचे का निर्माण भारतीय कंपनी करेगी। भारत की 'मेक इन इंडिया' पहल के मद्देनजर इसे बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। जानिए किस कंपनी को मिली यह बड़ी जिम्मेदारी
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एयरबस का एच130 लाइट सिंगल-इंजन हेलीकॉप्टर - फोटो : अमर उजाला / एजेंसी
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विस्तार
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एयरबस ने एच130 हेलीकॉप्टर फ्यूजलेज के निर्माण के लिए महिंद्रा एयरोस्ट्रक्चर्स का चयन किया है। 'मेक इन इंडिया' की दिशा में इसे एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया जा रहा है। मार्च 2027 से यूरोप में एयरबस हेलीकॉप्टर्स की सुविधा में असेंबली की डिलीवरी शुरू होगी। भारत सरकार के नागरिक उड्डयन मंत्री किन्जरापु राममोहन नायडू, नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सचिव वूमलुन्मांग वुलनम, भारत और दक्षिण एशिया में एयरबस के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक रेमी मेलार्ड और महिंद्रा समूह के ग्रुप सीईओ और एमडी डॉ. अनीश शाह की उपस्थिति में इसी सप्ताह अनुबंध पर हस्ताक्षर किए गए हैं। आठ सीटों वाला एच130 एक लोकप्रिय हेलीकॉप्टर है। इसका उपयोग परिवहन, पर्यटन, चिकित्सा, निगरानी और निजी विमानन गतिविधियों के लिए किया जाता है।

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महिंद्रा समूह की सहायक कंपनी महिंद्रा एयरोस्ट्रक्चर्स प्राइवेट लिमिटेड को एयरबस हेलीकॉप्टर्स द्वारा अपने एच130 लाइट सिंगल-इंजन हेलीकॉप्टर के मुख्य फ्यूजलेज (ढांचे) के निर्माण और असेंबली के लिए एक प्रतिष्ठित अनुबंध प्रदान किया गया है। यह भारत की 'मेक इन इंडिया' पहल की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि है। यह करार वैश्विक एयरोस्पेस आपूर्ति श्रृंखला में महिंद्रा की विश्वसनीय भागीदार के रूप में स्थिति को और मजबूत करता है। इस अनुबंध के तहत महिंद्रा एच130 हेलीकॉप्टर के मुख्य फ्यूजलेज का निर्माण और असेंबली करेगा, जिसे बाद में यूरोप में एयरबस हेलीकॉप्टर्स की सुविधाओं में भेजा जाएगा। इसका औद्योगिकीकरण कार्य तुरंत शुरू होगा और अगले दो वर्ष में पहली केबिन असेंबली डिलीवर की जाएगी।

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डॉ. अनीश शाह, ग्रुप सीईओ एवं एमडी, महिंद्रा ग्रुप ने कहा, हम एयरबस के साथ इस महत्वपूर्ण एयरोस्ट्रक्चर अनुबंध के माध्यम से अपनी दीर्घकालिक साझेदारी को और गहरा करने पर बेहद गर्व महसूस कर रहे हैं। एक वैश्विक अग्रणी कंपनी के रूप में, एयरबस ने भारत के एयरोस्पेस इकोसिस्टम को विकसित करने में एक महत्वपूर्ण परिवर्तनकारी भूमिका निभाई है। एयरबस के साथ अपने ट्रैक रिकॉर्ड पर आगे बढ़ना और भारत सरकार के 'मेक इन इंडिया' कार्यक्रम को समर्थन देना गर्व की बात है।

रेमी मेलार्ड, अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक, एयरबस (भारत एवं दक्षिण एशिया) ने कहा, हम भारत के लिए एक रणनीतिक योजना के तहत एयरोस्पेस इकोसिस्टम को हर पहलू में विकसित कर रहे हैं, जैसे असेंबली, मैन्युफैक्चरिंग, इंजीनियरिंग, इनोवेशन, डिजिटल और ट्रेनिंग। एच130 फ्यूज़लेज निर्माण अनुबंध भारतीय आपूर्ति श्रृंखला की बढ़ती औद्योगिक उत्कृष्टता में एयरबस के विश्वास को दर्शाता है।

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महिंद्रा एयरोस्ट्रक्चर्स के साथ यह नई साझेदारी हमारे भारत के साथ मजबूत रिश्ते का प्रतीक है। महिंद्रा पहले से ही एयरबस के कमर्शियल एयरक्राफ्ट प्रोग्राम्स के लिए विभिन्न पार्ट्स और सब-असेंबलीज की आपूर्ति करता है। यह नया अनुबंध महिंद्रा के लिए एक बड़ी उपलब्धि है, क्योंकि कंपनी अब पार्ट्स और सब-असेंबलीज़ से आगे बढ़कर बड़े और अधिक जटिल एयरोस्ट्रक्चर्स के निर्माण में प्रवेश कर रही है।
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एयरबस के लिए भारत न केवल एक प्रमुख बाजार है बल्कि एक रणनीतिक संसाधन केंद्र भी है। आज हर एयरबस कमर्शियल एयरक्राफ्ट में भारत में निर्मित कंपोनेंट्स और टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल होता है। वर्तमान में एयरबस भारत से हर वर्ष लगभग $1.4 बिलियन मूल्य की वस्तुएं और सेवाएं खरीदता है।

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एच130 एक मध्यम आकार का सिंगल-इंजन हेलीकॉप्टर है जिसे यात्री परिवहन, पर्यटन, निजी और व्यावसायिक विमानन, साथ ही मेडिकल एयरलिफ्ट और निगरानी अभियानों के लिए डिज़ाइन किया गया है। इसमें एक चौड़ा और बिना किसी अवरोध वाला केबिन होता है, जिसमें पायलट सहित कुल 7 यात्री आराम से बैठ सकते हैं। इसकी बड़ी विंडस्क्रीन और चौड़ी खिड़कियाँ शानदार दृश्यता प्रदान करती हैं। इसमें अत्याधुनिक तकनीक, सामग्री, सिस्टम और एवियोनिक्स लगे हैं, जो इसे एक शक्तिशाली और शांत हेलीकॉप्टर बनाते हैं।

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